59 लाख की धोखाधड़ी में दो आरोपी भेजे गए जेल
फर्रुखाबाद। सेवानिवृत्त फौजी से ढाई वर्ष पहले की गई 59 लाख की धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने दिल्ली से पकड़े गए दोनों आरोपियों को सोमवार को जेल भेज दिया। खाते से 22 लाख रुपये की निकासी करने वाले तीसरे आरोपी का कोई सुराग नहीं लग सका। बैंक रिकार्ड में दर्ज उसका पता फर्जी पाया गया।
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के भोलेपुर-बेवर रोड, पवन कोल्ड के सामने के निवासी सेवानिवृत्त फौजी हरेंद्र प्रताप सिंह ने 15 सितंबर 2018 को अज्ञात लोगों के खिलाफ पेट्रोल पंप दिलवाने के नाम पर ऑनलाइन 59 लाख रुपये ठगने का मुकदमा दर्ज कराया था। ठगी में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबरों के आधार पर पुलिस ने 14 लोगों को नामजद आरोपी बनाया।
मुकदमे की जांच कर रहे दरोगा अभय सिंह व दिनेश यादव ने नोएडा के सेक्टर 71 में रह रहे जनपद कन्नौज के थाना व कस्बा तालग्राम निवासी विकास उर्फ नवनीत कुमार प्रजापति, नई दिल्ली रामनगर मानसरोवर पार्क निवासी राजकुमार प्रजापति को पकड़ लिया। फौजी हरेंद्र प्रताप सिंह को पहली कॉल विकास उर्फ नवनीत ने विकास गुप्ता बनकर की थी और पेट्रोल पंप स्वीकृत कराने के नाम पर 1.82 लाख रुपये खाते में ट्रांसफर करवा लिए थे।
इसके बाद अन्य लोगों ने अलग-अलग मोबाइल नंबरों से काल करके 59 लाख रुपये ठग लिए थे। इनके साथी अमित गुप्ता ने अपने खाते में 22 लाख रुपये ट्रांसफर करवाए थे। जांच में बैंक में दर्ज उसका पता फर्जी पाया गया। पुलिस ने पकड़े गए दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया। दरोगा अभय सिंह ने बताया कि जांच में कई और आरोपियों के नाम उजागर हुए हैं। उनकी भी गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जाएगी।