फर्रुखाबाद। यूपी बोर्ड 2026 की फरवरी में होने वाली परीक्षाओं के लिए गए परीक्षा केंद्रों की अनंतिम सूची पर 116 आपत्तियां आईं। इनमें आधे अधूरे संसाधन, मानक से अधिक दूरी होने समेत कई तरह की खामियां बताई गई हैं। अब डीआईओएस 11 दिसंबर भौतिक सत्यापन करके जनपदीय समिति से अनुमोदन लेकर ऑनलाइन निस्तारण रिपोर्ट भेजेंगे।
जिले में हाईस्कूल और इंटर के 45,482 छात्र-छात्राओं के लिए 65 परीक्षा केंद्रों की अनंतिम सूची जारी की गई थी। इस पर चार दिसंबर की आधीरात तक आपत्तियां मांगी गईं। जिले भर में 116 आपत्तियां दर्ज कराई गईं। इनमें कई आधे अधूरे संसाधन के बावजूद परीक्षा केंद्रों की सूची में शामिल कर लेने को गलत बताया गया। यही नहीं कई परीक्षा केंद्रों को मानक के अनुरूप 12 किमी से अधिक दूर बना दिया गया। दिव्यांग छात्रों को सात किलोमीटर से अधिक दूरी के परीक्षा केंद्र पर नहीं भेजने के निर्देश का भी ख्याल नहीं रखा गया। परिषद की ओर से जारी गाइडलाइन में साफ था कि जिन स्कूलों में 125 छात्रों के बैठने की व्यवस्था है उन्हें ही परीक्षा केंद्र बनाएं। आपत्तियों में कुछ परीक्षा केंद्रों पर व्यवस्था न होने पर भी शामिल होना बताया गया। आपत्तियां आने के बाद शुक्रवार इन्हें अलग-अलग करने की कार्रवाई चलती रही।
छात्रों, अभिभावकों, प्रधानाचार्य व प्रबंधकों की ओर से प्राप्त आपत्तियों का डीआईओएस भौतिक परीक्षण करेंगे। आपत्तियों का तार्किक और सही पाए जाने पर जिला स्तरीय केंद्र निर्धारण समिति से अनुमोदित करवाकर 11 दिसंबर तक परिषद की वेबसाइट पर अपलोड करना होगा। डीआईओएस नरेंद्र पाल सिंह ने बताया कि आपत्तियां अलग-अलग करवा रहे हैं। इनकी गंभीरता से जांच कर निस्तारण कर रिपोर्ट निर्धारित तारीख को परिषद को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
आपत्तियों में कई ऐसे भी नाम सामने आए हैं, जिन स्कूल संचालकों ने व्यवस्थाएं पूरी होने का दावा किया मगर उन्हें परीक्षा केंद्र नहीं बनाया गया। इनमें कहा गया कि जो भी कमी होगी उसे तुरंत पूरा करवा देंगे। अब देखना यह है कि उन्हें परीक्षा केंद्र बनने का मौका मिलता है या नहीं।