फर्रुखाबाद। विकास भवन सभागार में शनिवार को जिलाधिकारी ने बैंक अधिकारियों के साथ बैठक कर मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की समीक्षा की। बड़ी तादाद में आवेदन निरस्त देख डीएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि इन आवेदनों वह स्वयं समीक्षा करेंगे। अनुपस्थित तीन बैंक प्रबंधकों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान में सभी बैंकों की शाखावार समीक्षा की।इसमें एक्सिस बैंक, बंंधन बैंक, बैंक ऑफ बडौदा, बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ महाराष्ट्रा, केनरा बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, एचडीएफसी, आईसीआईसीआई, आईडीबीआई, इंडियन बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, पंंजाब नेशनल, यूको व यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शामिल रही।
आवेदकों ने समस्या बताई तो डीएम ने गंभीरता से लेकर उन्हें निस्तारित कराया।समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि काफी संख्या में बैंकें आवेदन निरस्त कर रही हैं। इन आवेदनों की वह स्वयं समीक्षा करेंगे। यदि निरस्त करने का ठोस कारण न मिला तो संबंधित बैंक अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने लंबित आवेदनों का एक सप्ताह में निस्तारण करने और निरस्त आवेदनों पर पुन: विचार करने के निर्देश दिए। उन्होंने एलडीएम से कहा कि अनुपस्थित रहे केनरा बैंक, यूकाे बैंक व बैंक ऑफ महाराष्ट्र के शाखा प्रबंधकों को कारण बताओ नोटिस जारी करें। मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार मिश्र, डीडीओ श्याम कुमार तिवारी आदि रहे।
उपायुक्त उद्याेग जौहरी ने बताया कि अत्यधिक आवेदन निरस्त होने से प्रतीत होता है कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान में बैंकें ऋण देने में रुचि नहीं ले रही हैं। इससे युवाओं को शासन की मंशानुरूप लाभ नहीं मिल पा रहा। इससे जिलाधिकारी ने अब सख्त रुख अपना लिया है।