फर्रुखाबाद। सातनपुर मंडी के सचिव पर सिटी मजिस्ट्रेट ने शिकंजा कस दिया है। मांगे गए अभिलेख न दिखाने पर उन्होंने कार्यशैली व कुंडली खंगालने के लिए सर्विस बुक भी तलब कर ली है। इससे मंडी सचिव कार्रवाई के घेरे में आ गए हैं।
सातनपुर मंडी में वसूली का खेल और सचिव की कर्मचारियों से तनातनी का मामला तूल पकड़ गया है। महिला कर्मचारी को बिना कंप्यूटर दिए मोबाइल से मंडी शुल्क की रसीद काटने का दबाव बनाने, रजिस्टर पर हस्ताक्षर न करने देने की खबरों का सिटी मजिस्ट्रेट ने संज्ञान लिया। उन्होंने इस मामले के अलावा मंडी सचिव से आलू की अंडर रेटिंग कर मंडी शुल्क के राजस्व को क्षति पहुंचाने के मामले में भी जवाब मांगा।
इसके अलावा आलू खंड का चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को प्रभारी बनाने, औरैया की फर्म के नाम हजारों क्विंटल आलू की द्वितीय पर्ची काटने, मंडी गेट पर गार्ड से वसूली कराने के मामले में सिटी मजिस्ट्रेट ने अभिलेख तलब किए थे। इसको लेकर मंडी सचिव शुक्रवार को सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय पहुंचे।
अभिलेख न दिखाने से वह सिटी मजिस्ट्रेट को संतुष्ट नहीं कर सके। सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार बंसल ने बताया कि मंडी सचिव ने मांगे गए अभिलेख न दिखाकर गुमराह करने का प्रयास किया। स्पष्टीकरण का भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इससे इन प्रकरणों की अब गंभीरता से जांच की जाएगी। मंडी सचिव की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। उनकी सर्विसबुक भी मंगाई है।