फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पत्नी से विवाद के बाद किसान ने फांसी लगाकर जान दी

विज्ञापन
विज्ञापन
संकिसा। घरेलू विवाद के बाद पति ने कमरे में फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह पत्नी को मामले की जानकारी हुई। बेटे ने तंबाकू की फसल खराब होने से पिता के परेशान होने की भी बात भी कही है। वहीं पुलिस शराब पीने के वजह से कर्ज होने की बात कह रही है।
विज्ञापन

मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव चंदुइया निवासी मोतीलाल कश्यप (55) पुत्र इतवारी लाल खेती करते थे। सोमवार रात मोतीलाल अपने घर में अकेले सो रहे थे। पत्नी जय देवी अपने पुत्र अरविंद, पुष्पेंद्र, पुत्री मधु एवं सुषमा के साथ गांव में ही दूसरे मकान में लेटी थीं। पुत्र गोविंद व गोपाल घर पर नहीं थे। वह दिल्ली में रहकर एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। पत्नी मंगलवार सुबह अपने दूसरे मकान में गई। दरवाजा खुलवाने के लिए काफी आवाजें लगाईं। अंदर से मोतीलाल का कोई जवाब नहीं आया तो पत्नी जयदेवी ने पड़ोसियों को जानकारी दी। ग्रामीणों ने पड़ोसी की छत से नीचे उतर कर देखा, तो कमरे की छत के कुंडे में रस्सी के फंदे पर मोतीलाल का शव लटका था। जानकारी पर ग्राम प्रधान दफेदार ने पुलिस को सूचना दी। इस पर थानाध्यक्ष आरके रावत व अचरा चौकी इंचार्ज हरिओम शर्मा मौके पर पहुंच गए। थानाध्यक्ष ने घर के मेन गेट की कुंडी को अंदर से खुलवा कर शव को फंदे से उतरवाया। शव को पोस्टमार्टम को भेज दिया। पुत्र अरविंद ने बताया की रात पिताजी शराब के नशे में घर आए थे। मां को अकारण पीटने लगे। जब उसने अपनी मां को बहन भाइयों के सहयोग से बचाया तो उन्हें भी पीट दिया। इसके बाद वह दूसरे वाले मकान में सोने के लिए चले गए। बताया कि पाला पड़ने से दो बीघा तंबाकू की फसल भी झुलस गई थी। इससे पिताजी काफी चिंतित थे। उन्होंने दो दिन पूर्व घर पर मां से कहा था कि तंबाकू की फसल खराब हो गई। अब मैं आत्महत्या कर लूंगा। घटना के बाद से पत्नी जय देवी, पुत्र गोविंद, गोपाल, अरविंद, पुष्पेंद्र, पुत्री सोनी, मधु, सुषमा आदि का रो-रो कर बेहाल हो गईं।
थानाध्यक्ष आरके रावत ने बताया कि मोती लाल के भतीजे राजवीर के प्रार्थना पत्र पर सूचना दर्ज कर ली गई है। मोती लाल शराब पीने का आदी था। इसकी वजह से उस पर कर्ज भी हो गया था। तभी वह परेशान रहता था।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें