फर्रुखाबाद। वैश्य एकता परिषद के प्रदेश उपाध्यक्ष सतीश गुप्ता की मंगलवार देर रात हुई हत्या के बाद पुलिस जब उनके घर पहुंची तो दरवाजे खुले पड़े थे। अंदर कपड़े आदि अस्त व्यस्त थे। इससे आशंका जताई जा रही है कि कोई परिचित व्यक्ति ही घर में पहले आसानी से पहुंचा। वहां विवाद होने के बाद गुत्थमगुत्था हुई।
घटना के बाद सतीश गुप्ता के घर पहुंची पुलिस ने छानबीन की तो वहां के हालात बता रहे थे कि उन्होंने अपने बचाव में काफी संघर्ष किया। इसके बाद उनके सिर में वजनदार वस्तु मारी गई जिससे वे गिर पड़े। उसके बाद उन्हें घसीट कर गली में फेंक दिया गया। इसके चलते ही घटना को लेकर पुलिस की नजर करीबियों पर टिक गई है। सतीश के पैरों में चप्पलें भी नहीं थीं। इससे स्थिति और स्पष्ट हो रही है कि उनकी हत्या घर के अंदर ही की गई है।
सतीश के मोबाइल की काल डिटेल भी खंगालेगी पुलिस
पुलिस हत्यारोपियों तक पहुंचने के लिए सतीश गुप्ता के मोबाइल नंबर की काल डिटेल खंगालेगी। इससे भी पता चलेगा कि घटना से पहले उनके पास किसका फोन आया था। इसके साथ ही पुलिस ने घटना के दौरान उनके घर में और कौन-कौन से मोबाइल नंबर थे इन बिंदुओं पर भी काम शुरू कर दिया है। पुलिस दो वर्ष पूर्व उन पर हुए हमले के बारे में भी जानकारी जुटा रही है। उससे जुड़े सभी पहलुओं पर काम कर रही है।