फर्रुखाबाद। तीन वर्ष पहले लगभग 300 करोड़ रुपये की लागत से चौड़ीकरण के बाद तैयार किया गया इटावा-बरेली हाईवे 730 सी अब जगह-जगह बदहाल नजर आ रहा है। सड़क पर गड्ढे, उखड़ा डामर और धंसी हुई सतह वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। संवाद न्यूज एजेंसी ने रविवार को पांचाल घाट से सेंट्रल जेल चौराहा तक करीब चार किलोमीटर हाईवे की पड़ताल की तो दोनों ओर 49 गड्ढे मिले।
सेंट्रल जेल चौराहा से पांचाल घाट की ओर जाने वाले मार्ग पर जगह-जगह सड़क उखड़ी है। करीब 37 गड्ढे दिखाई दिए। कई स्थानों पर औसतन 10 मीटर के अंतराल पर सड़क की सतह खराब मिली। दोपहिया वाहन चालकों को विशेष रूप से परेशानी हो रही है। उखड़ी और गड्ढे वाली सड़क पर वाहन असंतुलित होने का खतरा बना रहता है। मसेनी, दीनदयाल बाग, भगुआ नगला आदि स्थानों पर सड़क उखड़ने के बाद उसमें गड्ढे भी हो गए हैं।
पांचाल घाट से सेंट्रल जेल चौराहा होते हुए बेवर की ओर जाने वाली सड़क की हालत भी चिंताजनक है। कई स्थानों पर सड़क बीचों-बीच धंस गई है, जिससे पूरी सतह नालीनुमा हो गई है। दोनों ओर डामर चटकने से सड़क की मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पांचाल घाट से सेंट्रल जेल की ओर आने वाली सड़क पर गड्ढों की संख्या अपेक्षाकृत कम है लेकिन सड़क के बैठ जाने से सतह समतल नहीं रह गई है। कई जगह सड़क की सतह ऊबड़-खाबड़ और नालीनुमा है। करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद महज तीन वर्ष में हाईवे की सड़क का इस तरह उखड़ना और बैठना निर्माण गुणवत्ता व अनुरक्षण व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
एनएचएआई के साइट इंजीनियर विश्वास मिश्रा ने बताया कि बरसात के चलते कुछ स्थानों पर सड़क उखड़ गई है। जल्द ही मरम्मत करवाई जाएगी। गड्ढों को भी भरवाया जाएगा।