कमालगंज। सरकारी खरीद के बावजूद मंडी में गेहूं का भाव 100 रुपये क्विंटल गिर गया है। पंद्रह दिन पूर्व तक गेहूं 1700 रुपये क्विंटल बिक रहा था। अब 1600 रुपये भाव रह गया है।
सरकारी खरीद केंद्रों पर गेहूं खरीद का भाव 1975 रुपये प्रति क्विंटल है। कई किसान सरकारी खरीद के लिए पंजीकरण और इसके बाद में भी ड्ड वाली समस्या के झमेले से बचने के लिए मंडी में व्यापारियों को गेहूं बेचते हैं। इनमें छोटे व मझोले किसान भी हैं जो 50 किलो से लेकर दो-चार-पांच क्विंटल गेहूं मंडी में बेचने लाते हैं।
आढ़ती संघ के अध्यक्ष संजय कमल का कहना है कि महीने में दो बार सरकारी राशन बंटने से स्थानीय मांग खत्म हो गई। जबकि दिल्ली, राजस्थान व अन्य राज्यों की मंडियों में गेहूं का भाव टूट गया। जिन आढ़तियों ने 1700 रुपये में खरीद कर माल बाहर की मंडियों में भेजा था। वहां भाव टूटने से घाटा हुआ।