इटावा-बरेली हाइवे पर रेस्टोरेंट में खाना बनाते समय सिलेंडर में आग गई।
सिलेंडर फटने से रेस्टोरेंट में भी आग लग गई। इससे लाखों का सामान जले
गया। सिलेंडर के फटने से भगदड़ मच गई। आग बुझाते समय एक कर्मचारी झुलस
गया। मुख्य मार्ग पर जाम की स्थिति बन गई। मात्र तीन किमी दूरी पर लगी आग
बुझने के बाद दमकल मौके पर पहुंची।
फतेहगढ़ कोतवाली इलाके के गांव
विजाधरपुर निवासी देवेंद्र सक्सेना का इटावा-बरेली हाइवे पर रेस्टोरेंट है।
मंगलवार की दोपहर रेस्टोरेंट में गैस पर खाना बन रहा था। कई ग्राहक मौजूद
थे। कर्मचारी रामवीर, इनके भाई राजकुमार, सुनील कुमार रेस्टोरेंट किचेन
में मौजूद थे। पाइप लीकेज से सिलेंडर ने आग पकड़ ली। आग बुझाने के प्रयास
में कर्मचारी रामवीर झुलस गए। आग
और विकराल हो गई। रेस्टोरेंट धू-धूकर
जलने लगा। ग्राहक और कर्मचारी भागने लगे। आग की लपटें देखकर हाइवे के दोनों
तरफ वाहनों की लाइन लग गई। इस दौरान गैस सिलेंडर फट गया। इससे हड़कंप मच
गया। घटना की जानकारी दमकल को दी गई। वहीं दूसरी तरफ बने रेस्टोरेंट के
लोगों ने पानी के पाइप से आग बुझाना शुरू की। काफी देर बाद आग पर काबू पाया
गया। आग बुझने के बाद दमकल मौके पर पहुंची। इससे गुस्साए लोगों का कहना था
कि सूचना देने के एक घंटा बाद दमकल आई है। फायर स्टेशन और घटनास्थल की
दूरी 3 किलोमीटर से भी कम होगी। काफी समय बाद यातायात चालू हो सका। इस आग
में करीब 2 लाख से अधिक का नुकसान बताया जा रहा है।