सपा को वोट न देने पर पार्टी समर्थकों ने थानाक्षेत्र के गांव नगला तिपेढ़ा धीरपुर में जमकर उत्पाद मचाया। एक ग्रामीण की झोपड़ी में आग लगी दी और दूसरे के पतेल के गठ्ठर को भी आग के हवाले कर लहसुन की फसल खोद दी। विरोध पर कई राउंड फायरिंग की। सूचना पर समर्थकों के साथ पहुंचे ग्राम प्रधान ने मोर्चा संभाला तो आरोपी भाग खड़े हुए। पुलिस ने चार नामजद व 12 अज्ञात पर जानलेवा हमले व बलवा की रिपोर्ट दर्ज की है। आरोपियों की तलाश में छापेमारी भी की गई।
कोतवाली क्षेत्र के गांव नगला तिपेढ़ा धीरपुर निवासी बालकराम शाक्य शुक्रवार रात करीब 10:30 अपनी झोपड़ी में लेटे थे। आरोप है कि इसी बीच पड़ोसी गांव नगला पंचम निवासी देवेंद्र यादव उर्फ रिंकू अपने एक दर्जन से ज्यादा साथियों के साथ बालकराम के घर पहुंचा। यहां पर देवेंद्र ने बालकराम को घेर लिया और गालीगलौज कर सपा को वोट न देने की बात कहकर मारपीट की। आरोप है कि हमलावरों ने तमंचा निकाल लिया और कई फायरिंग कर झोपड़ी में आग लगा दी। इस बीच पड़ोसी हरीराम के पतेल के गठ्ठर में आग लगाने के बाद लहसुन की फसल भी खोद दी। बवाल होने की जानकारी पर प्रधान राकेश सिंह अपने समर्थकों के साथ मौके पर आ गए। जवाब में प्रधान ने भी हवाई फायरिंग की।
जिससे सपा समर्थक भाग गए। इधर, ग्रामीण पानी डालकर आग बुझाने में जुट गए। काफी देर बाद आग पर काबू पाया गया। लेकिन तब तक बालकराम का घरेलू सामान व अनाज जल चुका था। घटना की सूचना मिलने पर कोतवाल प्रमोद शुक्ला, दरोगा अनिल भदौरिया काफी देर बाद मौके पर पहुंचे। पुलिस ने बालकराम की तहरीर पर देवेंद्र, अखिलेश यादव उर्फ करु, जीतू यादव, जागेश यादव और 12 अज्ञात के खिलाफ जानलेवा हमले और बलवा की रिपोर्ट दर्ज की है। कोतवाल ने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर हमलावरों की तलाश में छापेमारी की गई लेकिन कोई आरोपी हत्थे नहीं लगा। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।