फर्रुखाबाद। शहर के एक दुकानदार ने अपने गैराज में फांसी लगाकर जान दे दी। परिजनों ने सिपाही पर धमकाने का आरोप लगाया है। सीओ सिटी और फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की।
शहर के मोहल्ला कछियाना निवासी स्वदेश श्रीवास्तव (28) की टेंट हाउस, रेडीमेड की दुकानें हैं। वह शाम करीब पांच बजे आरा कसान मोहल्ला स्थित अपनी गैराज की चाबी लेकर चले गए। कुछ देर बाद उनके बड़े भाई सुधीर की बेटी ने फोन किया, मगर रिसीव नहीं हुआ। उसने सुधीर से कहा, तो कई बार फोन मिलाने पर भी नहीं रिसीव किया गया। सुधीर की बेटी शाम करीब साढ़े छह बजे गैराज पहुंची। अंदर से ताला लगा था। फाटक से झांककर देखा, तो स्वदेश का शव फंदे से लटका था। सूचना पर स्वदेश के भाई सुधीर, आदेश आदि लोग पहुंच गए और फाटक की कुंडी त़ोड़कर अंदर घुसकर सांस चलने की उम्मीद से नीचे उतार लिया। निजी अस्पताल ले गए, वहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। परिजन शव घर ले कर आए, तो कोहराम मच गया।
इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। कोतवाल विनोद शुक्ला, सीओ सिटी पहुंचे। उन्होंने फोरेंसिक टीम को बुला लिया। सुधीर ने आरोप लगाया कि स्वदेेश कमेटी (कुछ लोगों के साथ मिलकर रुपये लेनेदेन करने का काम) का काम भी करता था। एक महिला को 52 हजार रुपये स्वदेश को देने थे। उससे जनवरी तक देने के लिए लिखित समझौता हो गया था। बावजूद इसके चौकी के एक सिपाही ने शुक्रवार को दुकान पर पहुंचकर छोटे भाई आदेश कुमार से कहा कि स्वदेश को चौकी भेज देना, वरना उसे सबक सिखा देंगे।
आदेश ने स्वदेश से यह बात कही, तो वह घर से चाबी लेकर चला गया। सिपाही के धमकाने से परेशान होकर उसने आत्मघाती कदम उठाया है। सीओ सिटी प्रदीप सिंह ने बताया कि परिजन जो आरोप लगा रहे हैं। उसकी जांच की जाएगी। हालांकि उनका कमेटी का लेन-देन का मामला था। इस से वह परेशान था।