मुख्य विकास अधिकारी ने रुपये के विवाद में छोटे भाई की हत्या में बड़े भाई, मां समेत चार के खिलाफ रिपोर्ट लिखने का आदेश मोहम्मदाबाद कोतवाल को दिया है। इसमें बड़े भाई पर हत्या करने और मां समेत अन्य पर साक्ष्य मिटाने का आरोप है।
मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र के गौसरपुर गांव निवासी देवराज सिंह राठौर ने गांव के रामकिशोर, मां प्रेमवती, आमेंद्र सिंह व रोहित के खिलाफ सीजेएम कोर्ट में अर्जी दायर की थी।
इसमें कहा कि गांव के रहने वाले रामकुमार ने अपनी जमीन 21 सितंबर 2019 को उसे बेची थी। जमीन की जो कीमत रामुकमार को दी थी। वह रामकुमार ने अपने बड़े भाई रामकिशोर की पत्नी रीतादेवी (भाभी) के पास जमीन बिक्री के रुपये रख दिए।
दो जनवरी 2020 को रामकिशोर अपनी पत्नी रीता देवी पर आरोप लगाकर छोटे भाई रामकुमार से झगड़ा कर रहा था। इसी दौरान रामकिशोर ने उत्तेजित होकर रामकुमार के सिर में लाठी मार दी।
इससे रामकुमार की मौत हो गई। छोटे पुत्र की हत्या से बड़े पुत्र रामकिशोर को बचाने के लिए मां प्रेमवती ने अन्य लोगों के सहयोग से रामकुमार का शव को गायब करवा दिया।
घटना की जानकारी होने पर देवराज सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए कोतवाली में तहरीर दी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की।
अर्जी पर सुनवाई के दौरान पीड़ित के अधिवक्ता विजय कुुमार शर्मा ने दलीलें पेश कीं। सुनवाई पूरी होने के बाद सीजेएम ने मोहम्मदाबाद कोतवाल को घटना की रिपोर्ट लिखने का आदेश दिया है।