जिन वोटराें का नाम गलत है, उनक ा मतदाता पहचान पत्र
का आधार कार्ड से लिंकेज का काम भी बिगड़ा समझो। मामला यूं है कि इन दिनों
राष्ट्रीय मतदाता सूची परिशोधन एवं प्रमाणीकरण अभियान चल रहा है, 15 अगस्त
तक चलना है। इसके तहत मतदाता पहचान पत्र को आधार कार्ड से लिंक किया जाना
है।
वोटराें से मतदाता पहचान पत्र और आधार कार्ड नंबर लिए जा रहे
हैं। रविवार को इसके लिए बूथाें पर खास शिविर लगा। यहां मतदाता पहचान पत्र
और आधार कार्ड में अलग-अलग नामाें के चलते दुश्वारियां सामने आईं। इससे
वोटर और बीएलओ परेशान रहे। शिविर वाले कई जगह स्कूल के ताले नहीं खुले।
इससे बीएलओ को परेशानी उठानी पड़ीं।
प्राइमरी स्कूल नेकपुर कलां
ताला ही नहीं खुला। यहां बीएलओ कुंती सिंह की ड्यूटी है। स्कूल की चाबी
रसोइया के पास है। मांगने पर बीएलओ को चाबी नहीं दी गई। स्कूल के पास मंदिर
के चबूतरे पर बीएलओ के पति प्रदीप बैठे थे। प्रदीप ने बताया कि रविवार क ो
20 वोटराें ने आधार कार्ड और मतदाता पहचान पत्र की छाया प्रतियां दीं।
सर्वे में ज्यादातर ने आधार कार्ड न होने की बात बताई है।
बीएलओ
कमलेश कुमारी ने बताया कि रविवार को 50 वोटराें ने आधार कार्ड व मतदाता
पहचान पत्र की छाया प्रतियां दीं। यहीं मौजूद बीएलओ मंजूलता के पास 50,
नीरज के पास 1 व विजय लक्ष्मी के पास 35 वोटराें ने लिंकेज के लिए छाया
प्रतियां दीं।
यहां वोटराें ने मतदाता पहचान पत्र में नाम गलत होने
पर नाराजगी जताई। नवनीत ने बताया कि भाई धीरेंद्र और पत्नी गिरजेश के नाम
पहचान पत्र में गलत हैं। आधार कार्ड में नाम सही हैं। इससे परेशानी हो रही
है। शकुंतला देवी ने भी यही शिकायत की।
बीएलओ अर्चना के पास रविवार
को 67, नीतू पाल के पास 33 वोटराें ने छाया प्रतियां जमा कीं। यहां
हाथीखाना के सोनपाल परेशान दिखे। ये परिवार के सदस्याें के आधार कार्ड व
मतदाता पहचान पत्र लिए घूम रहे थे। इनका कहना था कि मतदाता सूची में नाम
नहीं मिल रहा है।
कन्या प्राइमरी स्कूल बढ़पुर में बूथ संख्या 262
के वोट पड़ते हैं। यहां की बीएलओ अंजलि ने बताया कि तीन वोटराें ने ही छाया
प्रतियां दी हैं। वोटर जागरूक नहीं हैं। घर घर जाना पड़ता है। इन्होेंने
कहा कि वोटर क ार्ड व आधार कार्ड में अलग नाम होने से लोग परेशान हैं।
बीएलओ
अनीता के पास 21 व राजेश के पास 12 वोटराें ने छाया प्रतियां जमा कीं।
अनीता ने बताया कि वोटर कार्ड व आधार में अलग नाम होने से लोग नाराज होते
हैं।
एडीएम मनोज सिंघल ने बताया कि मामूली अंतर पर तहसीलदार से
वेरिफिकेशन के बाद लिंकेज हो जाएगा। नाम में ज्यादा गड़बड़ी होने पर वोटर
को नाम सही कराना होगा। इसी के बाद लिंकेज होगा।