वकील और लेखपाल में मारपीट के मामले को लेकर लेखपालों की हड़ताल तीसरे दिन
भी जारी रही। हड़ताल समाप्ति को जिलाधिकारी की लेखपालों से वार्ता सफल नहीं
हो सकी। हालांकि डीएम ने रविवार तक कार्रवाई का भरोसा दिया है। लेखपाल
संघ के जिलाध्यक्ष ने कहा कि रविवार तक मांगें पूरी नहीं हुई तो जिले की
तीनों तहसीलों के लेखपाल हड़ताल पर चले जाएंगे।
5 मई को लेखपाल
राजेंद्र सक्सेना के साथ वकील अनोखेलाल व अन्य ने मारपीट कर दी थी। घटना के
अगले ही दिन से
लेखपालों ने हड़ताल कर दी थी। 7 मई को एसडीएम के समझाने और
आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दिए जाने पर हड़ताले 10 मई तक स्थगित
कर दी थी। इन तीन दिनों में कोई निष्कर्ष न निकलने पर सोमवार से लेखपालों
ने दोबारा से हड़ताल शुरू कर दी। मंगलवार को तहसील आए डीएम एनकेएस चौहान से
संघ के पदाधिकारियों ने वार्ता की थी। इसमें डीएम ने आरोपी वकीलों के
खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया था। मंगलवार शाम 7.30 बजे जिलाध्यक्ष
सैदमीर खां ने डीएम के
आवास पर उनसे मुलाकात की। उन्होंने बताया कि
जिलाधिकारी ने रविवार तक आरोपियों की गिरफ्तारी का भरोसा दिया है। कहा कि
यदि रविवार तक मांगे नहीं मानी जाती हैं तो जिले की तीनों तहसीलों के
लेखपाल सोमवार से कलम बंद हड़ताल शुरू कर देंगे। रविवार तक कायमगंज तहसील
के लेखपालों की हड़ताल जारी रहेगी। हड़ताल पर बैठे लेखपालों ने कहा कि जब
सरकारी कर्मचारी को न्याय दिलाने में पुलिस ढिलाई बरत रही है तो फिर आम
आदमी की तो बिसात ही क्या है। इस दौरान अध्यक्ष जगदीप कुमार, मंत्री
रामेंद्र मौर्य, विपिन कुमार, मोहम्मद आबिद, रवि वर्मा, उदय कुमार आदि
मौजूद रहेे।