कायमगंज (फर्रुखाबाद)। सीपी स्कूल के लिपिक का घर में बंद कमरे में शव मिला। बंद कमरे में पुलिस को गैस हीटर जलता मिला, इससे जहरीली गैस से मौत होने का अनुमान लगाया जा रहा है। पुलिस ने जांच कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
सीपी स्कूल के लिपिक रजत अग्रवाल (30) घसिया चिलौली स्थित नई कालोनी में किराए के मकान में रहते थे। सोमवार को जब वे स्कूल नहीं पहुंचे तो स्कूल के स्टाफ ने मोबाइल फोन पर कॉल की। उनका फोन स्विच ऑफ था।
मंगलवार सुबह भी जब स्कूल नहीं पहुंचे तो स्कूल के स्टाफ को चिंता हुई। इस पर स्टाफ के लोग उनके घर पहुंचे। मकान का मेन गेट बंद था। रजत ऊपरी मंजिल के कमरे में रह रहे थे। एक युवक ने सीढ़ी के सहारे ऊपर चढ़कर कमरे के दरवाजे में धक्का मारा तो वह खुला मिला। रजत बेड पर पड़े थे। सीपी के एक डॉक्टर ने जाकर देखा तो उन्हें मृत बताया। स्कूल के स्टाफ ने पुलिस को सूचना दी।
सीओ संजय वर्मा व कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार सिंह फोर्स के साथ पहुंचे। पुलिस को कमरे में सिर के पास गैस हीटर जलता मिला, रजत निर्वस्त्र पड़ा मिला। पास में ही मेज पर एक शराब का बोतल, पानी की बोतलें, बचा हुआ कुछ खाना रखा मिला।
सीओ संजय वर्मा ने बताया प्रथम दृष्टया बंद कमरे में जहरीली गैस बनने से युवक की मौत होने का अनुमान है। मौत का कारण जानने के लिए शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है।
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चार घंटे बाद पहुंची फोरेंसिक टीम
कायमगंज। बंद कमरे में रजत अग्रवाल का शव मिलने की सूचना के बाद कोतवाली पुलिस ने जांच के लिए फोरेंसिक टीम को सुबह करीब साढ़े 11 बजे सूचना दी। करीब चार घंटे बाद टीम पहुंची। टीम के पहुंचने के बाद पुलिस ने दूसरी मंजिल से शव को नीचे उतारा।
कासगंज के मूल निवासी थे रजत
कायमगंज। सीपी स्कूल के लिपिक रजत अग्रवाल के पिता हरिओम अग्रवाल कासगंज के मूल निवासी थे। वर्षो पहले वह कासगंज छोड़कर कायमगंज में रहने लगे। उनकी यहां ससुराल भी है। रजत भी यहां किराए के मकान में रहते थे।