थाना क्षेत्र के गांव बिरिया नगला में मंगलवार को चल रही भागवत कथा के दौरान मटकी फोड़ने को चलाई गई गोली से युवक की मौत हो गई। एक अन्य युवक छर्रा लगने से घायल हो गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। सूचना पर एएसपी, सीओ मोहम्मदाबाद आदि पहुंचे। थानाध्यक्ष ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के पिता ने मामले की तहरीर दी है। बंदूक का लाइसेंस निरस्त करने के लिए कार्रवाई की जाएगी।
बिरिया नगला स्थित शिव मंदिर में छह दिन से भागवत कथा चल रही है। मंगलवार को यहां पर कंस वध की कथा हो रही थी। कंस वध के समय पेड़ पर टंगी मटकी को गोली मार कर फोड़ा जाता है। पकरिया निवासी विजयपाल (30) भी पेड़ के पास खड़ा होकर कथा सुन रहा था। इसी गांव के सतीश चंद्र ने कंस वध होने से पहले ही अपनी लाइसेंसी बंदूक से फायर कर दिया। गोली पेड़ की डाल से टकराकर पास ही खड़े विजयपाल को लग गई। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। उसके पास खड़े रामरतन छर्रा लगने से घायल हो गया। युवक को गोली लगते ही कथा पांडाल में भगदड़ मच गई। आरोपी भी मौका पाकर भाग गया। घटना की सूचना पर अपर पुलिस अधीक्षक त्रिभुवन सिंह, सीओ मोहम्मदाबाद मौके पर पहुंचे। मृतक के पिता शेर सिंह ने सतीश के खिलाफ तहरीर दी है। थानाध्यक्ष वीरपाल सिंह तोमर ने बताया कि युवक की बंदूक का लाइसेंस निरस्त कर उसे जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।
- कथा के लिए नहीं ली गई थी लाउड स्पीकर की परमीशन
सरकार के आदेशानुसार भागवत आदि किसी भी कार्यक्रम के लिए लाउडस्पीकर आदि लगाने की अनुमति लेनी होती है। थानाध्यक्ष ने बताया कि यहां पर कथा के लिए किसी तरह की अनुमति नहीं ली गई थी।
गोली लगते ही भाग गए कथावाचक
बिरिया नगला में एटा निवासी कथावाचक शैलेश कथा सुना रहे थे। युवक के गोली लगते ही वह वहां से भाग गए।