अब कायमगंज तहसील क्षेत्र के सभी ब्लाकों में बने क्वारंटीन सेंटरों पर कोरोना की जांच शुरू हो गई है। पहले दिन नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट की टीम ने 4 क्वारंटीन सेंटरों पर एंबुलेंस ले जाकर मुंबई, राजस्थान आदि प्रांतों से आए 25 प्रवासियों में लक्षण पाए जाने पर नमूने लिए।
गुरुवार को नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट के एलटी अवनीश कुमार, फार्मासिस्ट, अजीत कुमार एंबुलेंस लेकर एसडी कॉलेज क्वारंटीन सेंटर पहुंचे। यहां मुंबई से आए 24 प्रवासी रोके गए थे। इनमें से रैपिड रिस्पांस टीम के डॉ. संदीप, बीसीपी एम विनय मिश्रा ने 18 प्रवासियों को चिह्नित किया। इसके बाद पीएन फाउंडेशन में 2, एपी पब्लिक में 1, सीपी में 4 नमूने लिए गए। एसडीएम अमित आसेरी ने बताया कि अब रोजाना क्वारंटीन सेंटरों पर जांच होगी।
नमूने लेने के बाद डीएवी कालेज रजलामई में बने क्वारंटीन सेंटर में रोका जाएगा। नवाबगंज प्रतिनिधि के अनुसार कसबा स्थित एसकेएम इंटर कालेज में मुंबई से आए प्रवासी मजदूरों को क्वारंटीन किया गया था। इनमें एक युवक मंगलवार रात कोरोना पॉजिटिव पाए जाने पर शेष सभी लोगों को कस्बे के ही दो क्वारंटीन सेंटरों में शिफ्ट कर दिया।
गुरुवार को मेडिकल मोबाइल यूनिट मौके पर पहुंचकर जय सिंह फार्मेसी क्वारंटीन सेंटर से कोरोना संदिग्ध चार लोगों के जबकि प्राथमिक विद्यालय में क्वारंटीन 6 लोगों की कोरोना जांच के लिए नमूने लिए गए। सीएचसी प्रभारी डॉ. सुमित शाक्य ने बताया कि 10 लोगों के नमूने लेकर जांच को भेजे गए हैं। इसके अलावा गैर जनपदों से आए 25 लोगों की सीएचसी पर थर्मल स्क्रीनिंग कर उन्हें होम क्वारंटीन में रहने की सलाह देकर भेज दिया गया।
क्वारंटीन सेंटर पर चले पत्थर, विरोध से प्रवासी मजदूर शिफ्ट
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नवाबगंज। कस्बे के पोस्ट ऑफिस गली स्थित प्राथमिक विद्यालय में प्रवासी मजदूरों के लिए क्वारंटीन सेंटर बनाया गया था। बुधवार को आधा दर्जन कोरोना संदिग्ध मरीजों के पहुंचने की जानकारी पर स्थानीय लोगों ने विरोध किया। रात में किसी सिरफिरे ने पथराव कर दिया। इससे भयभीत प्रवासियों ने 112 नंबर पर फोन कर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पूछताछ की तो प्रवासियों ने बताया कि किसी व्यक्ति ने स्कूल के अंदर पत्थर फेंके हैं। इसी बीच मोहल्ले के युवक एकत्र हो गए। युवकों ने कहा कि क्वारंटीन कक्ष की खिड़की से प्रवासी मजदूर पान मसाला खाकर थूक रहे हैं। इससे संक्रमण का खतरा है। प्रशासन को कसबे के बीच क्वारंटीन सेंटर नहीं बनाना चाहिए। पुलिस कर्मी प्रवासी मजदूरों को दोबारा बाहर न थूकने और स्थानीय लोगों को पत्थर न चलाने की हिदायत देकर चले गए। गुरुवार को एसडीएम कायमगंज अमित आसेरी व थानाध्यक्ष आरके शर्मा से क्वारंटीन सेंटर स्थानांतरित करने की मांग की। इसके चलते दोपहर में आधा दर्जन प्रवासी मजदूरों को मेजर एसडी सिंह कॉलेज फैसिलिटी क्वारंटीन सेंटर भेज दिया गया। कानूनगो मान सिंह वर्मा ने बताया कि प्रवासी मजदूरों को शिफ्ट कर दिया गया है। कसबे के बीच बने क्वारंटीन सेंटर को बंद कराने के साथ उसे सैनिटाइज कराया जाएगा।
120 लोग आए, थर्मल स्क्रीनिंग से जांच
कमालगंज। भोजपुर स्थित कृषि महाविद्यालय में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर में दिल्ली, राजस्थान, गुजरात आदि प्रांतों से आए 62 लोग आए। यहां गुरुवार को स्वास्थ्य विभाग की मोबाइल टीम के चिकित्सक डॉ. कुलभूषण सिंह ने पहुंचकर सभी की जांच की। कस्बे के रामलीला मैदान में स्थित स्पोर्ट्स गार्डन गेस्ट हाउस में बने क्वारंटीन सेंटर में दूसरे प्रांतों से आए 58 लोग रुके हैं। यहां डॉ. विवेक कनौजिया ने पहुंचकर सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की।