पत्नी की हत्या में सजायाफ्ता सिपाही किया गया बर्खास्त
फर्रुखाबाद। पत्नी की हत्या में जेल में बंद सिपाही को एसपी ने शुक्रवार रात बर्खास्त कर दिया है। एक वर्ष पहले सिपाही को एडीजे कोर्ट कानपुर से बीस वर्ष की सजा सुनाई गई थी। उसके खिलाफ विभागीय जांच सीओ ने बयान न होने से बंद कर दी थी।
जनपद कन्नौज थाना ठठिया के गांव पहाड़ीपुर व वर्तमान में जनपद कानपुर के थाना कल्याणपुर की गोवा गार्डन कालोनी निवासी सिपाही ऋषिपाल सिंह यादव सर्विलांस सेल में तैनात था। वर्ष 2011 में जनपद कानपुर देहात की कोतवाली बिल्हौर के मोहल्ला ब्रह्मनगर निवासी विनीता से उसकी शादी हुई थी। 21 जून 2013 को विनीता की ससुराल में मौत हो गई थी।
भाई दीपू यादव ने बहनोई ऋषिपाल सिंह यादव व उसके परिजनों के खिलाफ दहेज हत्या का मुुकदमा कल्याणपुर थाने में दर्ज कराया था। जानकारी होने पर तत्कालीन एसपी ने ऋषिपाल को निलंबित कर दिया था। पत्नी की हत्या में पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। सिपाही के खिलाफ विभागीय जांच शुरू हो गई। लेकिन जेल में होने से उसके बयान नहीं हो सके।
5 जुलाई 2019 को कानपुर एडीजे कोर्ट से सिपाही को पत्नी विनीता की दहेज के लिए हत्या में बीस वर्ष की सजा सुनाई गई। इसके बाद तत्कालीन सीओ सुरेंद्र तिवारी ने ऋषिपाल सिंह के जेल में होने से विभागीय जांच को स्थगित कर दिया था। एसपी डॉ. अनिल मिश्रा ने बताया कि कर्मचारी नियमावली के तहत सिपाही को बर्खास्त किया गया है।