फर्रुखाबाद। बर्खास्त की गई अनामिका शुक्ला प्रकरण के मास्टर माइंड पुष्पेंद्र (सुशील कुमार कौशल) की शिक्षिका बहन भी दूसरे के अभिलेखों से नौकरी कर रही थी। वर्ष 2017 से लगातार अनुपस्थित रहने पर अभिलेखों की जांच कराई गई तो मामला खुल गया। बीएसए ने बर्खास्त शिक्षिका के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के बीईओ मोहम्मदाबाद को आदेश दिए हैं। वेतन के रूप में जो धन शिक्षिका ने पाया है, उसकी वसूली की जाएगी।
मोहम्मदाबाद ब्लाक क्षेत्र के गांव परमखिरिया के पूर्व माध्यमिक विद्यालय की सहायक अध्यापिका अमिता कटियार 11 दिसंबर 2017 से अनुपस्थित चल रही थी। उसने वर्ष 2015 में विज्ञान/गणित सहायक अध्यापक भर्ती में नौकरी पाई थी। बीएसए ने बगैर सूचना के लगातार अनुपस्थित रहने पर उसके नगला खरा, हुमायूंपुर, मैनपुरी पते पर नोटिस भेजा था। इस नाम की महिला न होने की रिपोर्ट लगकर नोटिस वापस आ गया। इससे पूर्व शिक्षका 23 फरवरी से 16 अगस्त 2016 तक 180 दिन प्रसूत कालीन अवकाश, 12 नवंबर 2016 से 10 जनवरी 2017 तक, 3 अप्रैल से 17 मई 2017 तक और 11 अक्तूबर से 9 दिसंबर 2017 तक बाल्य देखभाल अवकाश पर रही। 11 दिसंबर 2017 से बगैर सूचना देकर विद्यालय से अनुपस्थित हो गई। बीएसए ने शिक्षिका के अभिलेखों की जांच बीईओ मोहम्मदाबाद से कराई। वे जांच करने नगला खरा गए। वहां ग्रामीणों को अमिता कटियार की फोटो दिखाई। तब पता चला कि फोटो वाली महिला अनामिका शुक्ला प्रकरण के मास्टर माइंड पुष्पेंद्र की बहन आरती उर्फ सपना है। उसने अमिता कटियार पुत्री जय प्रकाश कटियार (पत्नी सुनील कुमार) के नाम के फर्जी अभिलेख तैयार कर नौकरी पाई थी। बीईओ मुन्नालाल त्रिवेदी की जांच रिपोर्ट के आधार पर बीएसए ने शिक्षिका अमिता कटियार (आरती उर्फ सपना) फो सोमवार को बर्खास्त कर दिया। तीन दिन में शिक्षिका के खिलाफ रिपोर्ट लिखाने के बीईओ केे आदेश दिए हैं।
मास्टर माइंड पुष्पेंद्र भी फर्जी अभिलेख से करता था नौकरी
फर्रुखाबाद। अनामिका शुक्ला प्रकरण का मास्टर माइंड पुष्पेंद्र भी प्राथमिक विद्यालय कुंवरपुर खास कंपिल में फर्जी अभिलेख से सुशील कुमार कौशल के नाम से नौकरी करता था। अनामिका शुक्ला प्रकरण में फंसने पर उसके अभिलेखों की जांच कराई गई। तब पता चला कि असली सुशील कुमार कौशल न्यू आजाद नगर सतवारी सब्जी मंडी कानपुर के रहने वाले हैं। वे वर्तमान में प्राथमिक विद्यालय सिडपुरा कुरावली मैनपुरी में तैनात हैं। शैक्षिक अभिलेख प्राप्त कर फर्जी अभिलेख तैयार कर मास्टर माइंड पुष्पेंद्र ने सुशील कुमार कौशल के नाम से 2015 में नौकरी प्राप्त की थी। बीएसए लालजी यादव ने मास्टर माइंड पुष्पेंद्र को 25 जून 2020 को बर्खास्त किया था। उसके खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई है। अनामिका शुक्ला प्रकरण में एसटीएफ लखनऊ ने उसको गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।