कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों की खस्ताहाल व्यवस्था को परखने के लिए
मुख्य विकास अधिकारी के आदेश पर अफसरों ने छापेमारी की। अधिकारियों ने
छात्राओं, शिक्षिकाओं और कर्मचारियों से अव्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी
ली। कुछ जगह छात्राओं ने अफसरों से शिकायत भी की है। अमर उजाला ने 30 जुलाई
के अंक में ‘सड़ा आलू, गंदा पानी, बोलो तो डंडा’ शीर्षक
से खबर प्रकाशित
कर समस्या उठाई थी। इसके बाद प्रशासन संजीदा हुआ। मुख्य विकास अधिकारी
एसएन शुक्ला के आदेश पर समाज कल्याण अधिकारी ललिता यादव ने कमालगंज
कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। यहां छात्राओं से
अकेले में पूछताछ की गई। वार्डेन, शिक्षक व अन्य कर्मचारियों से समस्याओं
के संबंध में पूछा। राजेपुर के कस्तूरबा
गांधी आवासीय विद्यालय में अपर
जिला विकास अधिकारी लवी मिश्रा ने छापा मारा। इन्होंने रसोइघर का निरीक्षण
किया। उपस्थित रजिस्टर देखा। अल्पसंख्यक छात्राओं की उपस्थिति कम होने का
कारण पूछा। इस विद्यालय में शौचालय का टैंक मई
माह से भरा हुआ है। सफाई न
होने के कारण दिक्कत होने की जानकारी दी गई। कायमगंज के कस्तूरबा गांधी
आवासीय विद्यालय का बीडीओ ने निरीक्षण किया। नवाबगंज, शमसाबाद कस्तूरबा
गांधी आवासीय विद्यालय का भी निरीक्षण हुआ। निरीक्षण के दौरान अफसरों ने
रिपोर्ट तैयार कर सीडीओ को सौंप दी है।