सातनपुर आलू मंडी में विचरण करने वाले सैकड़ों अन्ना मवेशियों को रविवार सुबह मंडी प्रशासन ने खदेड़कर बाहर कर दिया। इससे ठंडी सड़क व सातनपुर मंडी रोड समेत अन्य मार्गों पर अन्ना मवेशी घूमते नजर आ रहे हैं। यही नहीं जिलाधिकारी के आदेश के बावजूद अन्ना मवेशियों को पकड़ना शुरू नहीं किया गया।
सातनपुर आलू मंडी को सैकड़ों अन्ना मवेशी अपना डेरा बनाए हुए थे। इस वजह से आढ़तियों के साथ ही यहां आने वाले किसानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। रविवार सुबह मंडी प्रशासन ने मवेशियों को खदेड़कर बाहर कर दिया। ये मवेशी ठंडी सड़क और सातनपुर मंडी रोड पर खाली पड़े प्लाटों और सड़कों पर नजर आ रहे हैं। हैरत की बात तो यह है कि जिलाधिकारी ने बीते दिनों राजकीय गोसदन के निरीक्षण के दौरान अन्ना मवेशियों को पकड़ने के आदेश नगर पालिका प्रशासन को दिए थे लेकिन अन्ना मवेशियों को पकड़ने का अभियान शुरू नहीं किया गया।
ठेकेदार को अन्ना मवेशी पकड़ने के निर्देश दे दिए हैं। ठेकेदार ने रविवार रात से अभियान चलाए जाने की बात कही है। 200 अन्ना मवेशी राजकीय गोसदन और 50 गोवंश सातनपुर मंडी स्थित पानी की टंकी के पास रखे जाने की व्यवस्था करवाई जाएगी। फतेहगढ़ में बने ट्रांजिस्ट हॉस्टल में भी अन्ना मवेशियों को रखे जाने के लिए साफ-सफाई आदि की व्यवस्था कराई जा रही है। 10 जनवरी तक अभियान चलाकर बाजार में घूमने वाले अन्ना मवेशियों को पकड़ लिया जाएगा। - अतिरिक्त एसडीएम एवं नगर पालिका परिषद फर्रुखाबाद के प्रभारी ईओ रमेशचंद्र यादव