कोतवाली में मौजूद बच्चों के साथ आमना।
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बेवफा पत्नी की हत्या के आरोप में फंसे पति को उस समय राहत मिली जब पुलिस ने उसकी पत्नी को पांच साल बाद जिंदा खोज निकाला। वह अपने कथित पति और दो बच्चों के साथ रह रही थी। पूछताछ के दौरान उसने बताया कि वह अपने दूसरे पति सर्वेश के घर जाएगी।
बिहार प्रांत के जिला मुज्जफरपुर के गांव मुरारपुर बखरी निवासी हातिम अंसारी पुत्र ताज मोहम्मद का निकाह मुजफ्फपुर के बरू थाना क्षेत्र के गंाव चैनपुर चिउटाहां निवासी मोहम्मद इसराइल की पुत्री आमना खातून के साथ 7 अप्रैल 2008 को हुआ था। काम के कारण हातिम पत्नी के साथ गाजियाबाद आकर रहने लगा। 10 फरवरी 2011 को उसकी पत्नी पड़ोसी सर्वेश कुमार के साथ भाग गई थी।
उसने इसकी रिपोर्ट कोतवाली इंदरापुरम् में दर्ज कराकर अपने सास-ससुर को सूचना दी थी। इधर,हातिम के ससुर ने हातिम,उसके पिता ताज मोहम्मद, मां आयशा खातून और बहन सोनी खातून के खिलाफ कोर्ट के आदेश से थाना बरू में दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज करा दिया था। थाना बरू पुलिस इस मुकदम विवेचना कर रही थी लेकिन आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी।
गुरुवार को थाना बरू के दरोगा वीडी पासवान ने कायमगंज कोतवाली पुलिस के सहयोग से क्षेत्र के गंाव ब्राहिमपुर जागीर में छापा मारा और आमना को हिरासत में लेकर कोतवाली ले आई। दरोगा ने बताया कि वह लोग लगातार हातिम व आमना के परिजनों पर नजर रखे हुए थे। सूत्रों से पता चला कि आमना जिंदा है और प्रेम विवाह कर कायमगंज में रह रही है। मामला दूसरे राज्य का होने के कारण वह लोग सीधे कार्रवाई नहीं कर सकते थे।
इस पर एसएसपी के माध्यम से डीआईजी की स्वीकृत लेकर यहां आए थे। इधर,कोतवाली में आमना ने बताया कि उसने अपनी मर्जी से अपना धर्म और नाम बदलकर काजल कर सर्वेश पुत्र सुरेश निवासी ब्राहिमपुर से कानूनी रूप से विवाह कर लिया है और उसके दो बच्चे हैं। उसेे नहीं पता था कि उसके माता पिता ने उसकी हत्या का झूठा मुकदमा लिखा दिया है। उसने बताया कि कोर्ट में पेश होने के बाद वह अपने दूसरे पति सर्वेश के साथ ही जायेगी।