पट्टे पर मिली जमीन पर दबंगों का कब्जा किए जाने की शिकायत पर कार्रवाई न होने से नाराज एक परिवार के छह लोगों ने आमरण अनशन शुरू किया है। यह जिला पूर्ति कार्यालय के बाहर आमरण अनशन पर बैठे हैं। दो दिन का समय गुजर जाने के बावजूद अधिकारियों ने अनशनकारियों की सुध नहीं ली।
गांव लुधैया निवासी घुरई को गांव में गाटा संख्या 43 से 97 तक भूमि पट्टे पर मिली है। पीड़ित 40 साल से उस जमीन पर खेती करता चला आ रहा है। इस जमीन पर गांव के कुछ दबंगों ने कब्जा कर लिया और निर्माण काम भी शुरू करा दिया। विरोध करने पर दबंगों ने जाति सूचक गाली देकर जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित ने कायमगंज कोतवाली में इसकी तहरीर दी। पुलिस ने तीन चार आरोपियों को पकड़ा और बाद में छोड़ दिया।
22 अप्रैल 2014 को दबंगों ने उसे जानमाल की धमकी दी। साथ ही जमीन को कब्जा मुक्त करने से इनकार कर दिया। तब से लगातार जमीन को कब्जा मुक्त कराने के लिए कोतवाली से उच्च अधिकारियों तक पीड़ित चक्कर लगा रहा है। सुनवाई न होने पर पीड़ित घुरई, अपने पुत्र महेन्द्र, धर्मेन्द्र, पुत्रवधू विमला, नन्हीं और पौत्र बबलू के साथ गुरुवार को कलेक्ट्रेट में आमरण अनशन पर बैठ गया। दो दिन से चल रहे अनशन की जानकारी होने के बाद भी अधिकारी पीड़ितों की सुध लेने नहीं आए।