सत्यापन में 56 में से 40 विद्यालय भवन जर्जर
फर्रुखाबाद। बेसिक शिक्षा विभाग के खस्ताहाल 91 विद्यालयों में से 56 स्कूलों की सत्यापन कर पीडब्लूडी ने रिपोर्ट बीएसए कार्यालय भेज दी है। दसमें 35 स्कूलों का सत्यापन नहीं हुआ है। 56 स्कूलों में से 40 विद्यालयों के भवन बच्चों को शिक्षण कार्य के लिए बैठाने को उपयुक्त नहीं है। वह जर्जर हो चुके हैं। 16 ऐसे विद्यालय हैं, जिनकी मरम्मत कराई जाए तो उनका भवन शिक्षण कार्य कराने के लिए ठीक हो जाएगा।
वर्ष 2019 में बेसिक शिक्षा विभाग के जर्जर विद्यालयों भवनों की विभागीय अफसरों ने सूची तैयार की थी। तब 91 विद्यालय भवन चिह्नित किए गए थे। इसकी सूची टेक्निकल जांच के लिए पीडब्लूडी को भेजी गई थी। पीडब्लूडी ने करीब 56 विद्यालयों का सत्यापन कर रिपोर्ट बीएसए को भजी है।
इसमें 40 स्कूल के भवनों को शिक्षण कार्य के लिए बच्चों को बैठाने के लिए उपयुक्त नहीं बताया है। 16 विद्यालयों के भवनों को मरम्मत योग्य होने की रिपोर्ट दी है। अभी 35 विद्यालयों का सत्यापन होना लंबित है। डीसी निर्माण दिलीप राजपूत ने बताया कि 56 स्कूलों के सत्यापन रिपोर्ट में 40 निष्प्रयोज्य घोषित हुए हैं। अभी 35 की सत्यापन रिपोर्ट आनी बकाया है।
जीर्ण-शीर्ण भवनों के ध्वस्तीकरण को कमेटी बदली
फर्रुखाबाद। बेसिक शिक्षा विभाग के परिषदीय विद्यालयों के जीर्ण-शीर्ण भवनों के ध्वस्तीकरण को कमेटी में अपर मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश सरकार ने बदलाव कर दिया है। इसके तहत डीएम द्वारा ग्रामीण अभियंत्रण सेवा के एक्सईएन की अध्यक्षता में समिति गठित की जाएगी। इसमें सहायक अभियंता लोक निर्माण विभाग व सहायक अभियंता लघु सिंचाई विभाग सदस्य बनाए जाएंगे। भवन की नीलामी को खंड शिक्षा अधिकारी की अध्यक्षता में कमेटी बनेगी और इसमें सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी बेसिक व एडीओ पंचायत सदस्य होंगे।