परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों के कक्षा 1 से 4 तक के बच्चों के अधिगम स्तर में सुधार के लिए गत सत्र में चलाए गए महत्वाकांक्षी कार्यक्रम ‘शिक्षा कायाकल्प’ ग्रेडेड लर्निंग योजना की सोमवार को एडी बेसिक ने समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि कुछ शिक्षक विद्यालय में पढ़ाने के बजाय नेतागीरी करते हैं। अब यह सब नहीं चलेगा। ग्रेडेड लर्निंग एंड लाइन सर्वे में बच्चों के सीखने के स्तर में सुधार दर्शा दिया गया। अब विद्यालय खुलते ही सत्यापन होगा कि वास्तव में सीखने का स्तर बढ़ा या फिर कागज में ही सुधार की खानापूरी कर दी गई। देर से आए रिसोर्स पर्सन व अधिकारियों को फटकार लगाई गई।
परिषदीय विद्यालयों के बच्चों में गणित व भाषा की दक्षता विकसित करने के लिए सत्र 2018-19 में शिक्षा कायाकल्प (ग्रेडेड लर्निंग) कार्यक्रम चलाया गया था। कक्षा 1 व 2 तथा कक्षा 3 व 4 के बच्चों का बेस लाइन सर्वे कर उनके सीखने का स्तर पता किया गया था।
इसके बाद विशेष प्रकार की शिक्षण अधिगम सामग्री (टीएलएम) से बच्चों को 60 दिन तक पढ़ाया गया। बच्चों के सीखने के स्तर में सुधार का आकलन मिड लाइन व एंड लाइन सर्वे के द्वारा करने के बाद इसकी आन लाइन फीडिंग की गई। कई विद्यालयों में बस कागजी काम ही हुआ।
इस कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा शासन से नियुक्त नोडल अधिकारी मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक बेसिक डॉ. फतेहबहादुर सिंह ने सोमवार को विकास भवन में की। सहायक निदेशक ने कहा कि कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में लगभग 50 लाख रुपये खर्च किए गए।
जिला रिसोर्स पर्सन ने ब्लाक रिसोर्स पर्सन व ब्लाक रिसोर्स पर्सन ने प्रत्येक स्कूल के 2 शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया था। टीएलएम से बच्चों को विशेष कक्षाओं में पढ़ाया गया। कार्यक्रम समापन के बाद एंड लाइन सर्वे में अधिकांश स्कूलों में छात्रों के सीखने के स्तर में वृद्धि दिखाई गई है।
स्कूल खुलने पर अब इसका सत्यापन होगा। उन्होंने कहा कि इस सत्र में भी शासन ने कार्यक्रम को चालू रखने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि पढ़ाई का स्तर न सुधारने से परिषदीय विद्यालयों की छवि नहीं सुधर पा रही। अभिभावक महंगी फीस देकर प्राइवेट स्कूलों में बच्चों को पढ़ा रहे हैं। इसके लिए शिक्षकों को सोचना होगा।
सहायक निदेशक ने विलंब से पहुंचे रिसोर्स पर्सन को फटकार लगाई। अनुपस्थित अधिकारियों व रिसोर्स पर्सन का वेतन रोकने के निर्देश दिए। पहले बीआरसी पर बैठक की सूचना दी गई थी। बाद में विकास भवन में आयोजन हुआ। बीएसए रामसिंह, बीईओ बेगीस गोयल, रंगनाथ चौधरी, डीसी राजेश वर्मा, सह समन्वयक गुणवत्ता डॉ. गंगेश शुक्ला भी मौजूद रहे।
शिक्षकों को दी नसीहत, ग्रेडेड लर्निंग का होगा सत्यापन
देर से आने वाले रिसोर्स पर्सन को एडी ने लगाई फटकार
शासन के निर्देश पर शिक्षा कायाकल्प कार्यक्रम की हुई समीक्षा