फर्रुखाबाद। गो सदन में व्याप्त अव्यवस्थाओं को सुधारने की पहल जिला प्रशासन ने शुरू कर दी है। कटरी धर्मपुर स्थित राजकीय गो सदन की करीब 30 बीघा जमीन मंगलवार को मनरेगा के तहत जुतवाई गई। इसमें से 10 बीघा जमीन पर हरा चारा बोया गया है। बाकी जमीन में एक-दो दिन में चारे की बुआई कर दी जाएगी।
राजकीय गो सदन के नाम करीब 1000 बीघा जमीन है। इसके बावजूद गो सदन में बंद गोवंशों की लगातार मौतें हो रही हैं। अमर उजाला 16 नवंबर से लगातार गो सदन में व्याप्त अव्यवस्थाओं को लेकर अभियान चला रहा है। इसके बाद जिला प्रशासन के अफसरों की नींद टूट गई है। इसके चलते कुछ दिन पहले एसडीएम सदर अमित आसेरी से नगर पालिका के ईओ का चार्ज लेकर अतिरिक्त एसडीएम रमेशचंद्र यादव को दिया गया। सांसद से लेकर हिंदूवादी संगठनों ने गो सदन जाकर गोवंशों की खैर-खबर लेनी शुरू की और गोवंशों के पोस्टमार्टम भी हुए।
मंगलवार को अमर उजाला ने 14 गोवंशों की मौत, इंतजाम सिफर शीर्षक से खबर प्रकाशित की। खबर को संज्ञान में लेते हुए अतिरिक्त एसडीएम व प्रभारी ईओ रमेशचंद्र यादव, तहसीलदार सदर प्रदीप सिंह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजकिशोर सुबह ही गो सदन पहुंच गए। तहसीलदार सदर प्रदीप सिंह ने बताया कि गो सदन की 10 बीघा जमीन पर मनरेगा के तहत जई (हरा चारा) बोया गया है। 20 बीघा जमीन में भी एक-दो दिन में बुआई करा दी जाएगी। सीवीओ डॉ. राजकिशोर ने बताया कि जई एक-डेढ़ माह में तैयार हो जाएगी। इससे गोवंशों को हरा चारा मिलने लगेगा।
आज से प्रतिदिन बैठेगी पशु चिकित्सीय टीम
फर्रुखाबाद। राजकीय गो सदन में लगातार हो रहीं गोवंशों की मौत को प्रदेश सरकार ने गंभीरता से लिया है। सूत्रों की मानें तो प्रदेश सरकार ने पशु विभाग को गो सदन में चिकित्सीय व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के आदेश दिए। इस पर जिला प्रशासन ने गो सदन में चिकित्सीय टीम तैनात कर दी है। नगर पालिका प्रशासन ने चार माह में कटरी धर्मपुर स्थित राजकीय गो सदन में करीब 400 से ज्यादा गोवंश पकड़कर छुड़वाए थे। गो सदन में अव्यवस्थाओं और समय से इलाज न होने से गोवंशों की मौतें होने लगीं। हिंदूवादी संगठनों का आरोप है कि दो-ढाई माह में करीब आधा सैकड़ा से ज्यादा गोवंशों की मौत हो चुकी है। आरोप लगाया था कि गोवंशों का पशु विभाग ठीक तरह से इलाज भी नहीं करता है। पशु चिकित्सीय टीम गो सदन कभी-कभार ही जाती है। कुछ हिंदूवादी संगठनों ने इसकी शिकायतें भी प्रदेश सरकार को भेजीं। इसे गंभीरता से लेते हुए गो सदन में चिकित्सीय टीम तैनात करने के निर्देश दिए गए। सीवीओ डॉ. राजकिशोर ने बताया कि गो सदन में पशु चिकित्सीय टीम को तैनात कर दिया गया है। टीम सुबह 10 से दोपहर दो बजे तक गो सदन में रहकर गोवंशों का इलाज करेगी। डॉ. पीके शर्मा, डॉ. सतेंद्र कुमार और डॉ. देवेंद्र चौधरी ने सभी गोवंशों को देखकर उन्हें इंजेक्शन आदि दवा दी।