फर्रुखाबाद। जिले के क्रिकेटर ने गोवा में हुई त्रिकोणीय सीरीज में ऑलराउंडर प्रदर्शन कर भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई है। पहले मैच में उन्हें बेंच पर बैठ कर इंतजार करना पड़ा। फाइनल समेत दो मैचों में गौरव को अंतिम ग्यारह में शामिल किया गया। उसने दो विकेट लेने के साथ ही 28 रन भी बनाए।
शमसाबाद क्षेत्र के गांव रमापुर निवासी गौरव सिंह राजपूत का चयन दृष्टिबाधित टीम इंडिया में गोवा में हुई त्रिकोणीय सीरीज के लिए हुआ था। इसमें दो अन्य टीमें श्रीलंका व इंग्लैंड थी। गौरव को इंग्लैंड के खिलाफ पहले मैच में ग्यारह सदस्यीय टीम में मौका नहीं मिला था। श्रीलंका के खिलाफ दूसरे मैच में एक ऑलराउंडर के रूप में शामिल किया गया।
गौरव ने इस चयन को सार्थक सिद्ध करते हुए महज 17 गेंदों में 28 रन ठोक दिए। वन डाउन पर बल्लेबाजी करने आए गौरव की तूफानी बल्लेबाजी से टीम ने शुरू से ही श्रीलंका पर दबाव बना लिया। इसके साथ ही टीम ने 141 रन के लक्ष्य को महज चार विकेट खोकर हासिल कर लिया।
इस मैच में गौरव ने एक ओवर में सात रन देकर एक विकेट भी चटकाया था। इसके बाद श्रीलंका के साथ ही शनिवार को खेले गए फाइनल मैच में श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 119 रन बनाए। इसमें भी गौरव ने एक ओवर में 11 रन देकर एक विकेट लिया। हालांकि इस मैच को टीम के ओपनर बल्लेबाजों ने ही जिता दिया। इससे गौरव को बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला।
गोवा में हुए मैच में भारत ने फाइनल में श्रीलंका को दस विकेट से दी मात