अमर उजाला ब्यूरो
कायमगंज (फर्रुखाबाद)। गांव अताईपुर जदीद में दो घरों में डकैती कांड के मामले में पकड़े गए संदिग्ध को डकैती के आरोप में जेल भेजे जाने के बाद उसका बेटा व रिश्तेदार बेगुनाही का सबूत लेकर गुरुवार को कोतवाली पहुंचे। वहां उन्होंने पुलिस को बेटे की शादी कार्यक्रम के फोटो व वीडियो क्लिप दिखाए।
छह अगस्त की रात को अताईपुर में रक्षपाल व साजिद के घर में डकैती पड़ी थी। इसमें दोनों ने मुकदमा दर्ज कराया था। 10 अगस्त को अताईपुर जदीद से गांव मौलागंज निवासी हरिनंदन एक बैग में साड़ी लेकर वहां से गुजर रहा था। ग्रामीणों ने उसे शक के आधार पर पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। डकैती के पीड़ित रक्षपाल की बेटी ने उसकी शिनाख्त बदमाश के रूप में की थी। पुलिस ने उसे सीएचसी में भर्ती कराया। इसके बाद उसे जेल भेज दिया। पुलिस ने छानबीन की तो पता चला कि 6 अगस्त की रात को हरिनंदन की लोकेशन आजमगढ़ मिली थी। तभी पुलिस को हरिनंदन के बेगुनाही के संकेत मिल गए थे। इस मामले को अमर उजाला ने प्रकाशित भी किया था।
गुरुवार को हरिनंदन का पुत्र विकास व उसके ससुर योगेंद्र राव, सास सुमन देवी व रिश्तेदार कमलावती देवी व राजेश सहित एक दर्जन लोग कोतवाली पहुंचे। उन्होंने प्रभारी निरीक्षक जसवंत सिंह को फोटो व वीडियो क्लिप दिखाते हुए कहा कि घटना वाले दिन हरिनंदन के बेटे विकास की बारात टेऊन से आजमगढ़ के बिलरिया थाना क्षेत्र के गांव बर्नापुर गई थी। वहां कुलवा गांव में बाबा साहब के मंदिर में शादी हुई थी। इसमें करीब पचास लोग शामिल हुए थे। विकास के ससुराल पक्ष ने शादी के वीडियो क्लिप व फोटोग्राफ पुलिस को दिखाए जिसमें हरिनंदन मौजूद है। विकास ने मेंहदी लगे अपने हाथ व शादी का कार्ड दिखाया। इंस्पेक्टर ने बताया कि आरोपी के रिश्तेदारों ने कुछ फोटोग्राफ व अन्य तथ्य दिए हैं। उन पर गहनता से जांच की जाएगी।