अयोध्या। रामनगरी में पहली बार पखावज का एक अनूठा महोत्सव आयोजित होने जा रहा है। मृदंग सम्राट रामशंकर दास उर्फ स्वामी पागलदास, संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार विजेता के शताब्दी वर्ष के क्रम में यह दो दिवसीय महोत्सव 28 व 29 मार्च को रामनगरी के राम की पैड़ी परिसर में आयोजित होगा। इसमें देश के वरिष्ठ और प्रतिष्ठित संगीतकार अपनी प्रस्तुति के जरिए दर्शकों को कला की विभिन्न बारीकियों से अवगत कराएंगे।
संगीत नाटक अकादमी ने देश भर में आयोजित कई प्रमुख प्रदर्शनियों/उत्सवों के माध्यम से प्रदर्शन-कला के विभिन्न पहलुओं के बारे में जागरूकता पैदा करने व उन्हें मजबूत करने और वरिष्ठ संगीतज्ञों के बीच नई सोच को प्रोत्साहित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसी क्रम में अयोध्या में पहली बार पखावज का अनूठा महोत्सव आयोजित होने जा रहा है।
यह दो दिवसीय महोत्सव राम की पैड़ी, अयोध्या में आयोजित किया जाएगा। यह उत्सव प्रतिदिन सायं साढ़े छह बजे से आरंभ होगा। पहले दिन 28 मार्च को विजय रामदास, अजय रामदास व वैभव रामदास मृदंग त्रिवेणी की प्रस्तुति देंगे। शशिकांत पाठक, लखनऊ पखावज वादन, भवानी शंकर कथक, मुंबई भी पखावज वादन की प्रस्तुत करेंगें। अगले दिन 29 मार्च को संगीत पाठक पटना द्वारा पखावज वादन की प्रस्तुति दी जाएगी। इसके अलावा अयोध्या के राजकुमार झा, मुंबई के अनिरुद्ध शिरके व वृंदावन के राधेश्याम शर्मा भी पखावज वादन की प्रस्तुति देंगे।
पखावज महोत्सव की इस अनूठी शृंखला से प्रदर्शन कला के रसिकों को आनंद मिलेगा और साथ ही साथ लाभ होगा। पखावज महोत्सव सांस्कृतिक रूप से समृद्ध अयोध्या शहर के संगीत कार्यक्रम में जाने वाले रसिकों के लिए उत्कृष्ट कलाकारों के प्रदर्शन का आनंद लेने का एक शानदार अवसर होगा। संगीत नाटक अकादमी अयोध्या शोध संस्थान आशा करता है कि पखावज महोत्सव को अयोध्या शहर के रसिकों से उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिलेगी।
-लवकुश द्विवेदी, निदेशक, अयोध्या शोध संस्थान