पहले मंडलीय अस्पताल और अब ट्रॉमा सेंटर को बगैर पर्याप्त स्टाफ व संसाधन के ही शुरू करने की कवायद शुरू हो गई है। शासन से दर्शननगर में निर्मित ट्रॉमा सेंटर को शुरू करने का निर्देश आ गया है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी अमलीजामा पहनाने में जुट गए हैं लेकिन बगैर पर्याप्त मैन पावर के ही ट्रॉमा सेंटर का मंगलवार को उद्घाटन किया जाएगा।
शासन ने इसी वित्तीय वर्ष में ट्रॉमा सेंटर का उद्घाटन किए जाने के निर्देश दिए हैं। इसके पहले भी 300 बेड के मंडलीय अस्पताल दर्शननगर का एक हिस्सा 100 बेड के अस्पताल को आपाधापी में चालू किया गया था। तब भी पर्याप्त डॉक्टर व संसाधन को लेकर हल्ला मचा, हाईकोर्ट के आदेश पर टीम ने जांच में प्रशासन की पोल खोली।
इसके बाद कोर्ट के आदेश पर कुछ सुधार हुए, मगर बाकी 200 बेड का संचालन अब भी शुरू नहीं हुआ है। इसी मंडलीय चिकित्सालय के बगल में लगभग 67 लाख की लागत से निर्मित ट्रॉमा सेंटर का मंगलवार को उद्घाटन किए जाने की तैयारी चल रही है।
फौरी तौर पर मंडलीय चिकित्सालय के इमरजेंसी स्टाफ के जरिए ट्रॉमा सेंटर शुरू किए जाना है। वर्तमान में मंडलीय चिकित्सालय के सीएमएस डॉ. आरके मिश्र ट्रॉमा सेंटर का इंचार्ज बनाया गया है।
अपर निदेशक स्तर से अंबेडकरनगर जिले के सर्जन डॉ. एसपी चौधरी बाराबंकी जिले के बेहोशी चिकित्सक डॉ. अमीय पांडेय और सीएचसी सोहावल के अधीक्षक डॉ. अनूप कुमार पांडेय को फौरी तौर पर समायोजित किया गया है। इसके अलावा मानक के अनुरूप चिकित्सक से लेकर पैरामेडिकल स्टाफ तैनात किए जाने के लिए शासन में पत्र लिखा गया है।