अयोध्या में सरयू नदी का बढ़ा जलस्तर।
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अयोध्या। सरयू में उफान लगातार जारी है। नदी अब लाल निशान से केवल 58 सेमी दूर रह गई है। तटवर्ती इलाकों में करीब 50 एकड़ भूमि में पानी घुस चुका है। इससे सैकड़ों किसानों की फल व सब्जी की खेती बाढ़ के पानी में समा गई है। तटवर्ती इलाकों के लोग सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने के लिए पलायन कर रहे हैं।
पहाड़ों में लगातार हो रही बारिश के चलते रामनगरी में सरयू भी उफना गई है। सरयू के जलस्तर में प्रतिघंटे एक सेमी. के रफ्तार से वृद्धि हो रही है। नदी का जलस्तर शुक्रवार शाम पांच बजे 92.15 मीटर रिकॉर्ड किया गया। जो कि लाल निशान 92.73 मीटर से महज 58 सेमी. दूर है। अयोध्या के तिहुरा, बरेहटा, दुर्गागंज, बिल्वहरिघाट सहित रुदौली, पूराबाजार व सोहावल के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में बाढ़ की संभावना से हलचल तेज हो गई है।
तटवर्ती इलाकों में रह रहे लोग पलायन कर सुरक्षित स्थानों पर शरण ले रहे हैं। सरयू की रेत पर बड़ी संख्या में किसान खेती करते हैं। बढ़ते जलस्तर के चलते किसानों की खरबूजा, तरबूज और सब्जियाें की फसल पानी में डूब गई हैं। केंद्रीय जल आयोग के संजय कुशवाहा ने बताया कि गुरुवार को जहां तीन सेमी. प्रति घंटे की रफ्तार से जलस्तर में वृद्धि हो रही थी। जो शुक्रवार को एक सेमी. प्रतिघंटे की रफ्तार से दर्ज की जा रही है। सरयू अभी लाल निशान से 58 सेमी. दूर है। उधर सरयू के बढ़ते जलस्तर को लेकर प्रशासन भी अलर्ट पर है।
एडीएम वित्त एवं राजस्व जीएल शुक्ल ने बताया कि हर साल बाढ़ से जिले के करीब 500 परिवार प्रभावित होते हें। बाढ़ की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। सरयू का जलस्तर उफान पर है लेकिन अभी बाढ़ का कोई खतरा नहीं है। राहत सामग्री वितरण के लिए टेंडर प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई है। तहसील प्रशासन व राजस्व की टीम के साथ चिकित्सा विभाग के कर्मी मुस्तैद हैं। बंधों की निगरानी की जा रही है।