अयोध्या। पश्चिम बंगाल के ओंकारनाथ देव मिशन के तत्वावधान में सुरसरि मंदिर अयोध्या में संचालित कार्यक्रम के द्वितीय दिवस विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। दोपहर को कानपुर के लवकुश आश्रम से पहुंचे 40 वैदिक बटुकों द्वारा कीर्तन-भजन किया गया।
द्वितीय सत्र में कार्यक्रम के संयोजक स्वामी किंकर विट्ठल रामानुज महाराज ने प्रवचन सत्र में कहा कि अब भव्य राममंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो चुका है। अयोध्या विवाद में सुप्रीम कोर्ट से फैसला आने के बाद करोड़ों भारतीयों की बहुप्रतीक्षित अभिलाषा अब पूरी होने को है।
उन्होंने कहा कि राम जगत के आधार हैं, नाम की महिमा का बखान करते हुए कहा कि नाम संकीर्तन करने से मनुष्य पुण्य का भागी बनता है। नाम संकीर्तन से हम अपने आराध्य के समीप पहुंच सकते हैं। योग शिविर का भी आयोजन हुआ। जिसमें साधकों को सहज क्रियायोग आदि के गुण सिखाए गए। देर शाम सांस्कृतिक कार्यक्रमों में कोलकाता के प्रसिद्ध गायक पूर्णदास ने अपनी प्रस्तुति से सभी का दिल जीत लिया।