फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मंडलीय अस्पताल की बिजली काटी

Thu, 29 Oct 2015 11:49 PM IST
फैजाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
साढे़ आठ लाख रुपये बिल बकाया होने पर बुधवार को  मंडलीय अस्पताल दर्शननगर की बिजली काट दी गई। जिसके बाद अस्पताल प्रशासन ने मरीजों को छुट्टी देकर आनन-फानन में वार्ड खाली कराए।
विज्ञापन


दो दिन से अस्पताल की सभी मशीनें ठप हैं। गुरुवार को ओपीडी भी बंद रही। अस्पताल के सीएमएस बजट के लिए लखनऊ में फाइनेंस कंट्रोलर के यहां जमे हैं।

मगर सवाल ये है कि आवश्यक सेवाओं में शामिल अस्पताल की बिजली काटने में पावर कॉर्पोरेशन ने इतनी जल्दबाजी क्यों दिखाई?

भर्ती मरीजों को रातोंरात डिस्चार्ज करने में यदि किसी की जान चली जाती तो जिम्मेदार कौन होता? मंडलीय अस्पताल की बिजली बुधवार सुबह काटी गई थी।

लेकिन पावर कॉर्पोरेशन से लेकर अस्पताल प्रशासन ने उच्चाधिकारियों को इसकी जानकारी नहीं दी। बुधवार को जैसे-तैसे ओपीडी हुई, गंभीर मरीजों को लौटाया जाता रहा।

रात होते ही अस्पताल प्रशासन ने सभी मरीजों को छुट्टी दे दी। ये मरीज हाइड्रोसील व पथरी जैसे रोग के ऑपरेशन के बताए जा रहे हैं। गुरुवार सुबह से मंडलीय अस्पताल पूरी तरह ठप हो गया।
विज्ञापन


ओपीडी तक नहीं हो पाई। जांच से लेकर चिकित्सकीय उपकरण तक ठप रहे। सुबह आए मरीजों को लौटा दिया गया। गंभीर मरीजों को जिला अस्पताल जाने की सलाह दी गई।

अस्पताल में सफाई कर्मी और वार्ड बॉय ही दिखे। सीएमएस डॉ. आरके मिश्र ने फोन पर बातचीत में बताया कि बजट नहीं होने के कारण बिजली बिल नहीं जमा हो सका, इस वजह से बिजली काट दी गई।

उन्होंने बताया कि, वे सुबह ही लखनऊ चले गए हैं। स्वास्थ्य भवन में फाइनेंस कंट्रोलर से मिलकर हालात बताए हैं। उन्होंने जल्द बजट देने का आश्वासन दिया है।

पावर कॉर्पोरेशन के उपखंड अधिकारी सुभाष चंद्र मौर्या ने बताया कि मंडलीय अस्पताल का दो माह का साढे़ आठ लाख रुपये व यहीं पर स्थित प्रशिक्षण केंद्र का ढाई लाख रुपये बिजली बिल बकाया है। नोटिस के बाद बुधवार को बिजली काटी गई है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें