तारुन। लेखपाल पर 25 हजार रुपये की रिश्वत लेने का आरोप है। पीड़ित ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री के पोर्टल पर ऑनलाइन की है।
आरोप है कि ग्रामसभा नरायनपुर में मस्जिद निर्माण में आ रही जमीन की कमी को पूरा करने के लिए उसने तालाब की भूमि को आबादी दर्शाने के लिए घूस मांगी। जबकि हल्का लेखपाल आरोप को बेबुनियाद बता रहे हैं।
शिकायतकर्ता कलाम अहमद का आरोप है कि लालगंज बाजार में मस्जिद का जीर्णोद्धार कार्य कराया जा रहा था। जिसे हल्का लेखपाल ने रोकवा दिया था लेकिन जब उनसे कार्य कराने के लिए कहा गया तो उन्होंने पैसे की मांग की।
आरोप है कि लेखपाल ने मस्जिद के दक्षिण तरफ तालाब की दो मीटर भूमि को आबादी खाते में दर्ज करने की बात कही। जमीन के मालिकाना हक को बदलने के लिए उन्होंने 25 हजार रुपये की डिमांड की।
आरोप है कि मस्जिद निर्माण के लिए लेखपाल को 25 हजार रुपये ग्रामसभा के निवासी मो. इलियास, मो. उस्मान, मो. फारुख और इस्लाम अहमद के समक्ष दे दिया। लेकिन जमीन का मालिकाना हक नहीं बदला गया।
लेखपाल से पैसे वापस करने को कहा तो वह पैसे वापस नहीं कर रहे हैं। पीड़ित ने मुख्यमंत्री से न्याय के लिए फरियाद की है। हल्का लेखपाल राम दास का कहना है कि आरोप बेबुनियाद है। तालाब खाते में दर्ज जमीन पर मस्जिद का निर्माण नहीं हो सकता। इस मामले में अवैध कब्जेदारों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया जा चुका है।