होलिका दहन व होली का पर्व 23 व 24 मार्च को मनाया जाएगा। रामनगरी में रंग भरी होली का 24 मार्च को मनाई जाएगी।
पंडित संतोष वैदिक बताते हैं कि धार्मिक ग्रंथ धर्मसिंधु व निर्णय सिंधु के अनुसार होलिका दहन को लेकर भिन्न-भिन्न मत हैं लेकिन रंगभरी होली का पर्व गुरुवार 24 मार्च को है।
धर्मसिंधु के अनुसार 22 मार्च की रात तीन बजकर 19 मिनट पर भद्रा नक्षत्र समाप्त होगा। इसके पश्चात होलिका दहन का मुहूर्त फाल्गुन शुक्लपक्ष पूर्णिमा 23 मार्च को भोर तीन बजकर 19 मिनट से शाम चार बजकर आठ मिनट तक रहेगी।
उसके पश्चात प्रतिपदा लग जाएगी। शास्त्रों के अनुसार पूर्र्णिमा पर होली नहीं खेली जाती बल्कि प्रतिपदा को होली खेली जाती है। शास्त्र की परंपरा चैत्र कृष्ण प्रतिपदा उदय कालिक में रंग की होली खेेलने की है।
ऐसे में शास्त्रों के अनुसार 24 मार्च दिन गुरुवार को होली खेली जाएगी। नगरी के प्रसिद्ध हनुमानगढ़ी सहित अन्य मंदिरों में 24 मार्च को ही रंगों की होली मनाई जाएगी।