तहसील दिवसा में लोगों की समस्या सुनते अधिकारी।
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चिलचिलाती धूप और भीषण गर्मी में भी तहसील दिवस में प्रार्थना पत्र देने वालों की भीड़ उमड़ी। अमूमन कम शिकायतें आने वाले सदर तहसील में शिकायतों की झड़ी लग गई। सर्वाधिक शिकायतें राजस्व विभाग की बताई गईं। जिले की पांच तहसीलों में कुल 721 प्रार्थना पत्र आए। इनमें से महज 37 का ही निस्तारण किया जा सका।
तहसील दिवस सदर की अध्यक्षता करते हुए प्रभारी डीएम/सीडीओ अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने कहा कि जो भी शिकायतें आएं उनका गुण-दोष के आधार पर एक सप्ताह के अंदर निस्तारण कराएं। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं होगी।
तहसील दिवस में एडीएम नगर रामनिवास शर्मा ने कहा कि शासन की मंशा है कि एक स्थान पर कमजोर पीड़ित की सुनवाई हो इस वजह में तहसील दिवस का आयोजन होता है। सदर तहसील की प्रभारी एसडीएम दीपा अग्रवाल ने तहसील दिवस पर आने वाले फरियादियों के बैठने के लिए प्लास्टिक की कुर्सी व स्वच्छ पेयजल तथा बिजली के पंखों की व्यवस्था कराई।
तहसील दिवस में कुल 111 शिकायतें प्राप्त हुईं जिसमें से मौके पर 8 का निस्तारण कराया गया। रुदौली में एडीएम प्रशासन की अध्यक्षता में आयोजित दिवस में 120 प्रार्थना पत्र आए इसमें छह का निस्तारण हुआ।
एडीएम वित्त एवं राजस्व की अध्यक्षता में बाकीपुर में आयोजित तहसील दिवस में 191 प्रार्थना पत्र आए। इनमें नौ का निपटारा हुआ। एसडीएम की अध्यक्षता में आयोजित तहसील दिवस में 105 शिकायतें आईं इनमें से पांच का निस्तारण कराया गया। एसीएम संतोष कुमार की अध्यक्षता में आयोजित दिवस में 194 शिकायतें आईं इनमें से नौ का निस्तारण कराया गया।