अयोध्या। शरद पूर्णिमा के अवसर पर रामनगरी में श्रद्धालुओं का रेला उमड़ पड़ा। हजारों श्रद्धालुओं ने पावन सलिला सरयू में डुबकी लगाकर दान-पुण्य किया। सरयू स्नान के बाद श्रद्धालुओं का रेला विभिन्न मंदिरो की ओर निकल पड़ा।
सुबह से लेकर शाम तक मंदिरो में दर्शन-पूजन के लिए तांता लगा रहा। वहीं दंतधावनकुंड पर परंपरागत ढंग से क्षीरशायी विष्णु भगवान की भव्य झांकी भी सजाई गई। इसके अतिरिक्त धारा 370 व चंद्रयान-2 पर आधारित झांकी भक्तों के श्रद्धाकर्षण का केंद्र बनी।
शरद पूर्णिमा पर्व पर ब्रह्ममुहूर्त से ही अयोध्या के विभिन्न घाटों समेत फैजाबाद के गुप्तारघाट पर भक्तों का रेला रहा। श्रद्धालुओं ने मां सरयू का पूजन अर्चन कर दीपदान किया। इसके बाद विभिन्न मंदिरों रामलला, कनकभवन, हनुमानगढ़ी, नागेश्वरनाथ आदि में भी माथा टेका।
देर शाम दंतधावन कुंड पर परंपरागत ढंग से क्षीरशायी भगवान की मनोरम झांकी सजाई गई। मेला भी लगा। क्षीरशायी भगवान के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में भक्त उमड़े। साकेत भूषण समाज के तत्वाधान में दंतधावन कुंड पर लगातार 125वें वर्ष क्षीरशायी भगवान की सुभव्य झांकी सजाई गई।
कुंड में शेष शय्या पर विराजमान भगवान विष्णु, माता लक्ष्मी, भगवान की नाभि कमल पर विद्यमान ब्रह्मा जी की नौका बिहार में साथ-साथ विचरण करते देवर्षिनारद जी का दर्शन-पूजन कर भक्त कृतार्थ हुए। भगवान की नाव नेवरिया अवसर पर मेला भी लगा, जिसमें हजारों भक्त उमड़े।
साकेत भूषण समाज के अध्यक्ष जितेंद्र गुप्ता ने बताया कि क्षीरशायी भगवान को 11 कुंतल खीर का भोग लगाकर भक्तों को खीर प्रसाद का वितरण किया गया।
महामंत्री नंदलाल गुप्ता ने बताया कि इस वर्ष धारा 370 व चंद्रयान-2 पर आधारित झांकी भी भव्यता की मिशाल बनी। झांकी के अवसर पर सांसद लल्लू सिंह, नगर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता, महापौर ऋषिकेश उपाध्याय, पूर्व चेयरमैन राधेश्याम गुप्ता आदि ने भगवान का पूजन अर्चन किया।