अयोध्या। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर रामनगरी के शिवमंदिरों में मंगलवार देर रात शिव-पार्वती विवाह की रस्म अदा की गई तो पूरा माहौल भक्तिमय हो उठा। सिद्धपीठ नागेश्वरनाथ से निकली भूत भावन भोलेशंकर की बरात क्षीरेश्वरनाथ मंदिर से देर रात वापस पहुंची।
इसके बाद विवाह की रस्म शुरू हुई तो पूरी रात मंदिर परिसर में विवाहोत्सव का उल्लास छलकता रहा। विवाह की रस्म अदायगी के बीच हर-हर महादेव के जयकारे गूंजते रहे।
नागेश्वरनाथ मंदिर परिसर में कैलाश पर्वत की झांकी आकर्षण का केंद्र बनी थी। कैलाश पर्वत पर शिवजी की बरात को लेकर सभी देव अपनी-अपनी पत्नियों के साथ विराजमान हैं।
वहीं देेवों की पत्नियां शिव को दूल्हा रूप में देखकर कहती हैं देखि सिवहि सुरत्रिय मुसुकाहीं, वर लायक दुलहिनि जग नाहीं। विवाह की रस्म शुरू होती है तो माहौल भक्तिमय हो उठता है।
विधिविधान पूर्वक विवाह की रस्म पूरी कराई जाती है। इस दौरान बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ विवाह महोत्सव का साक्षी बनने के लिए मौजूद रहती है।
पौराणिक पीठ नाका हनुमानगढ़ी स्थित शिवमंदिर में भी विवाहोत्सव की धूम रही। भगवान शिव की सजी भव्य झांकी भक्तों के आकर्षण का केंद्र रही। महंत रामदास ने बताया कि विधिविधान पूर्वक वैदिक पंडितों के निर्देशन में धूमधाम से विवाह महोत्सव मनाया गया।
वहीं मंगलवार देर रात रुदौली के शिवधाम शिवपुरी से भव्य शिव बरात निकाली गई। बरात की अगुवानी मोहल्ला कटरा में विधायक रामचंद्र यादव ने की।
ब्लॉक बीकापुर ग्राम सभा सराय भनौली मजरा नियाई में स्थित लगभग 500 वर्ष पुराना शिव मंदिर महादेवन पर हर साल की तरह इस साल भी महाशिवरात्रि के पावन पर्व को धूमधाम से मनाया गया। विशाल भंडारे का भी आयोजन हुआ जिसमें हजारों भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।
‘बोल बम और हर-हर महादेव’ के जयकारों के साथ कमला नेहरू भवन रिकाबगंज से भगवान भोलेनाथ एवं माता पार्वती की प्रतिमाओं का विसर्जन हेतु भव्य शोभायात्रा निकाली गई। गुप्तारघाट पर प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।
शोभायात्रा में केशव बिगुलर, बजरंगी साहू, किशोर कनक, सुनील मौर्य, किशन मौर्य, सुनील गौड़, अरुण गुप्ता, मनोज गौड़, बब्लू सोनकर, अमित तिवारी सहित अन्य मौजूद रहे।