चार साल के मासूम से अप्राकृतिक कुकर्म करने के मामले में युवक को लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम के तहत दोषी पाते हुए अदालत ने दस साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
कोर्ट ने दोषी पर 15 हजार रुपये जुर्माना भी किया है। फैसला अपर जिल ाजज जगदीश प्रसाद की अदालत से गुरुवार को हुआ। मामला गोशाईंगंज थाना क्षेत्र का है।
एडीजीसी लव सिंह ने बताया कि घटना 25 फरवरी 2014 की है। इसी थाना क्षेत्र के एक गांव में चार वर्षीय बच्चा अपने दरवाजे पर खेल रहा था। गांव के अनिल कुमार ने उसे लेकर थोड़ी दूर पुआल के पास ले जाकर अप्राकृतिक कृत्य किया।
इसकी रिपोर्ट पीड़ित बच्चे के पिता ने लिखाई थी। सुनवाई के बाद अदालत ने युवक को लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम के तहत दोषी पाते हुए सजा दी, जबकि अप्राकृतिक कुकर्म के आरोप से दोषमुक्त कर दिया।