पूराकलंदर थाना क्षेत्र के गांव रामपुर सर्धा निवासी हरिओम नरायन पांडेय उर्फ रवि के अपहरण व हत्या मामले में पुलिस कॉल डिटेल की पड़ताल में उलझी हुई है। मृतक के कॉल डिटेल रिकॉर्ड में कई राज छिपे नजर आ रहे हैं, जिनके सहारे कमजोर कड़ियां पकड़ पुलिस वारदात की तह तक पहुंचने की मशक्कत कर रही है।
इसके लिए सुलतानपुर में डेरा डाली पुलिस टीमों ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ में जुटी है। लखनऊ में बीबीडी के सामने हॉस्टल व कैंटीन चलाने वाला और एसएससी की तैयारी कर रहा हरिओम 14 जनवरी को घर से लखनऊ जाने के लिए निकला था, लेकिन वहां नहीं पहुंचा था। उसका मोबाइल भी स्विच ऑफ हो गया था।
परिवारीजनों की ओर से खोजबीन के बावजूद कोई सुराग न मिलने पर 17 जनवरी को पूराकलंदर थाने में गुमशुदगी व अगले दिन लखनऊ निवासी रिश्तेदार के मोबाइल पर 50 लाख की फिरौती मांगे जाने व फिरौती न देने पर 26 जनवरी को लाश बाघा बार्डर के पास नाले से उठा लेने की बात कहे जाने के बाद अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।
बुधवार को रिपोर्ट दर्ज होने के बाद सुलतानपुर जिले के शहर कोतवाली क्षेत्र में दफन किये गया एक शव मिलने की खबर पर रामपुर सर्धा निवासी पीयूष पांडेय ने सुलतानपुर पहुंच मृतक की शिनाख्त अपने लापता भाई रवि के रूप में की थी।