पटरंगा थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी अधेड़ ने अपनी बेटी से हुई छेड़खानी के मामले में पुलिस की कार्रवाई को नाकाफी मानते हुए खंडपिपरा गांव के किनारे लगे मोबाइल टावर पर चढ़कर जाने देने की कोशिश की।
घटना शुक्रवार भोर की है। पास से गुजर रहे कुछ ग्रामीणों ने जब पीड़ित पिता को टावर पर चढ़ते देखा तो आवाज लगाई। इस पर वह पुलिस को कोसता हुआ कूदकर जान देने की बात करने लगा।
इसी बीच किसी ने मोबाइल से एसएसपी को सूचना दे दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची तो तीन घंटे की मनौव्वल के बाद उसे टावर से नीचे उतारा गया।
पटरंगा के परसहुवां निवासी फूलचंद वर्मा ने शुक्रवार भोर लगभग पांच बजे खंडपिपरा गांव के किनारे लगे निजी मोबाइल कंपनी के टावर पर चढ़कर आत्महत्या का प्रयास कर ही रहा था कि नित्यक्रिया के लिए निकले ग्रामीणों ने उसे देख लिया और सूचना पुलिस को दी।
दो घंटे तक पुलिस नहीं पहुंची तो ग्रामीणों ने एसएसपी को घटना से अवगत कराया। एसएसपी मोहित गुप्ता के हस्तक्षेप पर पहुंची पटरंगा पुलिस मौके पर पहुंची। वहां पुलिस व ग्रामीणों के मान मनौव्वल के बाद आत्महत्या के लिए टावर पर चढे़ अधेड़ को नीचे उतारा गया।
उतरने के बाद फूलचंद ने आरोप लगाया कि गांव निवासी राकेश लोधी उनकी 20 वर्षीय लड़की के साथ एक सप्ताह से छेड़खानी कर रहा था। तंग आकर लड़की ने उक्त घटना की जानकारी अपने परिवारीजनों को दी।
परिवारीजनों के विरोध पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता के पिता की तहरीर पर पुलिस ने छेड़खानी का केस दर्जकर 16 फरवरी को अभियुक्त को जेल भेजा था लेकिन तीसरे ही दिन आरोपी की जमानत हो जाने से वह तरह-तरह की बातें व परिवारीजनों जान से मारने की धमकी देता था।
इसकी सूचना पटरंगा पुलिस को दी थी लेकिन कोई कार्यवाही न होने से आहत होकर आत्महत्या करने का निर्णय लिया। मौके पर पहुंचे सीओ रुदौली संतोष सिंह ने बताया कि आरोपी युवक को तत्काल हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
छेड़खानी के मामले में कार्रवाई समुचित धाराओं में हुई थी। कोर्ट से जमानत के बाद लड़की के पिता टेंशन में थे। मामले में उनकी शिकायत पर जांच कर कार्रवाई की जा रही है।