अयोध्या। यूजीसी के निर्देश के बाद भी डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विवि चॉइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम को मौजूदा सत्र से लागू करने में फेल हो गया है। विवि प्रशासन के निर्देश के बाद भी विभागों की ओर से सीबीसीएस पाठ्यक्रम तैयार नहीं किया जा सका है।
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सर्फ बायो-केमिस्ट्री व एमबीए विभाग ने ही अपना सीबीसीएस पाठ्यक्रम तैयार किया है लेकिन अभी इन दोनों पाठ्यक्रमों में और गुणवत्ता लाने की आवश्यकता बताई जा रही है। विवि प्रशासन मौजूदा सत्र से सीबीसीएस लागू न करते हुए इसे अगले सत्र से लागू करने की कार्ययोजना बनाने में जुट गया हैै।
यूजीसी देश के समस्त विश्वविद्यालयों को अपने कैंपस व संबद्ध महाविद्यालयों में सीबीसीएस पाठ्यक्रम तैयार कराकर लागू कराने के निर्देश जारी कर चुका है।
देश की कई प्रतिष्ठित विवि भी इसको अपने कैंपस में लागू कर चुके हैं। हालांकि अवध विवि इसमें अभी काफी पीछे है। यूजीसी के निर्देश के बाद विवि प्रशासन ने सीबीसीएस लागू करने के निर्देश अपने विभागों को जारी किए थे।
इसके बाद भी विवि के अधिकांश विभागों ने इसमें कोई विशेष रुचि नहीं दिखाई। एमबीए विभाग में पहले से ही क्रेडिट सिस्टम लागू है, इस विभाग ने अपने पाठ्यक्रम को चॉइस बेस्ड बनाते हुए विवि प्रशासन को सौंपा है।
दूसरी ओर बायो-केमिस्ट्री विभाग ने भी सीबीसीएस का पाठ्यक्रम तैयार कर लिया है। इन दोनों विभागों के अलावा अन्य विभागों का पाठ्यक्रम अभी तक तैयार नहीं हो पाया है।
हालांकि विवि प्रशासन ने इसमें तेजी लाने के लिए समस्त विभागों के विभागाध्यक्षों के साथ बैठकों का दौर शुरू किया है। अब तक तीन बैठकें हो चुकी हैं। सीबीसीएस लागू करने पर मंथन व विभागवार पाठ्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं।
इसको लेकर अभी कम से कम छह से सात बैठकें और होनी हैं। इसके बाद पाठ्यक्रम तैयार कराकर बोर्ड ऑफ स्टडी को भेजा जाएगा। फिर मान्यता के बाद अगले सत्र से लागू होने की उम्मीद है।
चॉइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम दरअसल पाठ्यक्रमों को रिवाइज करके प्रत्येक खंड के अंक के स्थान पर क्रेडिट निर्धारित किए जाएंगे। हर सेमेस्टर का अलग-अलग क्रेडिट भी हो सकता है।
इसमें अंक के बजाए ग्रेड का निर्धारण होगा, जिसका सेमेस्टर खत्म होने पर ग्रेड पॉइंट एवरेज व कोर्स की समाप्ति के बाद कम्युलेटिव ग्रेड पॉइंट एवरेज निकाला जाएगा।
इन सबके साथ विद्यार्थियों की रुचि के आधार पर कुछ ऑप्शनल क्रेडिट चुनने का अधिकार होगा। खास बात ये है कि इसकी क्रेडिट पाठ्यक्रम के निर्धारित क्रेडिट में जुटने के साथ सब्जेक्ट सहित अंकपत्र पर अंकित होगी।
अवध विवि के प्रति कुलपति एसएन शुक्ल ने बताया कि विश्वविद्यालय में सीबीसीएस पैटर्न लागू करने की तैयारियां चल रही हैं। अब तक तीन बैठकें हो चुकी हैं। अभी और बैठकें होनी हैं। उम्मीद है कि अगले सत्र से विवि कैंपस में सीबीसीएस पैटर्न लागू हो जाएगा। इससे विद्यार्थियों को काफी सहूलियत मिलेगी।