फोटो 04:::: मोनू शर्मा। फाइल फोटो
इटावा। पत्नी पर अधिक मात्रा में नींद की गोलियां देने का आरोप लगाते हुए युवक के पिता ने बृहस्पतिवार को बेटे का शव लोडर में लेकर फ्रेंड्स कॉलोनी थाने पहुंच गए। युवक की आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय में इलाज के दौरान मौत हुई थी। पिता ने पत्नी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
फिरोजाबाद के संगम नगर निवासी कैलाश बाबू ने बताया कि उनका बेटा मोनू शर्मा (32) फ्रेंड्स कॉलोनी थाना क्षेत्र के श्याम नगर पाए अड्डा में किराए के मकान में पत्नी मुस्कान और बेटे यश के साथ रहता था। मोनू ने करीब तीन महीने पहले ही लोडर खरीदा था, उसी को चलाकर भरण पोषण करता था। कैलाश बाबू का आरोप है कि पत्नी मोनू को अधिक मात्रा में नींद की गोलियां देती थी। 25 सितंबर को मोनू की हालत बिगड़ने पर पत्नी ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
26 सितंबर को मुस्कान की सूचना पर वह जिला अस्पताल पहुंचे। इसके बाद मुस्कान घर जाने की बात कहकर बेटे यश को उनके पास छोड़कर चली गई। रात करीब 10 बजे के बाद उसका मोबाइल बंद हो गया। कैलाश ने बताया कि 28 सितंबर को मोनू की हालत गंभीर होने पर उसे आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय रेफर किया गया। वहां इलाज के दौरान बृहस्पतिवार की सुबह उसकी मौत हो गई। बेटे की मौत के बाद वह शव लेकर उसके किराए के मकान पर पहुंचे, लेकिन मकान मालिक ने उन्हें वहां से भगा दिया।
इसके बाद वह शव को लोडर में लेकर फ्रेंड्स कॉलोनी थाने पहुंचे और पुलिस को पूरी घटना बताई। पिता ने यह भी आरोप लगाया कि करीब दो महीने पहले मोनू की पत्नी मकान मालकिन के एक रिश्तेदार युवक के साथ चली गई थी। करीब एक महीने बाद लौटने पर पुलिस ने पति-पत्नी के बीच समझौता कराया था। घटना के बाद मुस्कान फिर उसी युवक के साथ चली गई।
कैलाश ने बताया कि मोनू और मुस्कान ने प्रेम विवाह किया था। सीओ सिटी अवनीश कुमार सिंह ने बताया कि अस्पताल से जानकारी मिली है कि युवक को क्षय रोग था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का सही कारण स्पष्ट होगा। मामले की जांच की जा रही है।