फोटो: 40 कोला गांव में टोली बनाकर लाठी डंडे लेकर खेतों पर जाते ग्रामीण । संवाद
-बीहड़ में मिले बारहसिंघा के अवशेष और सींग, ग्रामीण बोले शेर ने मारा
-ग्रामीणों ने की सेंचुरी से सीसीटीवी से बीहड़ की निगरानी किए जाने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
चकरनगर। चकरनगर के बीहड़ी क्षेत्र के गांव कोला में लोग अभी भी बब्बर शेर की चहलकदमी का दावा कर रहे हैं। क्षेत्र में शेर होने के शोर के कारण ग्रामीणों में दहशत का माहोल है। इसके कारण लोग अपने खेतों पर जाने से भी डर रहे हैं। बीहड़ में बारहसिंघा के अवशेष और सींग मिलने से लोगों में और भी भय व्याप्त हो गया है।
ग्रामीण दावा कर रहे हैं कि बीहड़ में बब्बर शेर ही बारहसिंघा का शिकार कर रहा है। हालात यह है कि किसानों ने खेतों पर जाना छोड़ दिया है और अरहर की खड़ी व कटी फसल आवारा गोवंश उजाड़ रहे हैं। कई किसान डर के कारण खेतों से फसल उठाकर घरों में ही मड़ाई करा रहे हैं। ग्रामीण अमित सिंह, मुनेंद्र सिंह, रामदास सिंह, वीनेश सिंह, भानु सिंह, विशाल, पिंटू, पवन सिंह, नकुल सिंह, बंटी सिंह, देवेंद्र सिंह और लालजी आदि ने बताया कि शेर होने के डर से शाम होते ही गांव के लोग घरों में कैद हो जाते हैं। सुबह भी देरी से ही उठकर लोग गांव से इधर उधर जाते हैं। ग्रामीणों ने सेंचुरी विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि कर्मचारी फोटो खींचकर खाना पूर्ती कर रहे हैं रात के समय गांव में कोई नहीं आता है। ग्रामीणों ने बीहड़ में सीसीटीवी केमरे लगाकर निगरानी किए जाने की भी मांग की। जमुनापारी बकरी के पशुपालक रामदास ने बताया कि अब बकरियां चराने जंगल की ओर जाने में डर लगता है। किसान मंगल गुर्जर ने कहा कि खेत में रखी अरहर की फसल तक लेने जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। मुनेंद्र सिंह ने बताया कि गांव के लोग इतने भयभीत हैं कि शाम होते ही छतों पर चढ़कर निगरानी करने लगते हैं। 23 अप्रैल को कोला गांव के लोगों ने एक वीडियो वायरल करते हुए दावा किया था कि वीडियो में टीले पर एक बब्बर शेर बैठा दिखाई दे रहा है। दावा किया गया है कि यह वीडियो गांव के ही एक व्यक्ति ने दूर से तब बनाया था जब उसे टीले से शेर के दहाड़ने की आवाज सुनाई दी। हालांकि वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई, लेकिन वीडियो वायरल होने के बाद से कोला, सिरसा, भोया, टिटावली, अर्रुकापुरा, प्रेमपुरा, सोनेपुरा, कोटरा, बिरौनाबाग, विडवा कला, मिटहटी, नदा, सहसों और पसिया समेत करीब 84 गांवों के लोग भय के साये में जी रहे हैं।
वर्जन
टीम भेजकर बारह सिंघा के सींग की जांच कराई जाएगी। सीसीटीवी कैमरे लगवाने के लिए वह अधिकारियों से अनुमति लेकर जल्द क्षेत्र में सीसीटीवी केमरे लगवाकर बीहड़ की निगरानी करेंगे जिससे ग्रामीणों में व्याप्त भय दूर हो सके।-कोटेश त्यागी, रेंजर सेंचुरी