सहकारी समितियों को लेकर पूर्व में हुई शिकायत के खिलाफ बुनकर समाज की महिलाओं ने उन पर ही सवालिया निशान लगाएं। कहा कि शिकायत करने वाले बुनकर ही नहीं हैं।
कचहरी पहुंचीं बुनकर समाज की महिलाओं ने अतिरिक्त मजिस्ट्रेट अमित भट्ट को ज्ञापन सौंप कर बताया कि शिकायतकर्ता न तो बुनकर समितियों के सदस्य है और न ही बुनकर है। जबकि मुख्य शिकायतकर्ता मुवीन पत्नी पप्पू पहले ही शिकायत न करने का शपथपत्र प्रस्तुत कर चुकी हैं।
गौरतलब है कि मकसूूदपुरा, काली कबरें, ब्राउनगंज और मुफ्तीटोला की सहकारी समितियों में धांधली बरतने की शिकायत की गई थी। इसके विरोध में बुनकर कार्य से जुड़े तमाम लोग गुरुवार को कचहरी पहुंचे और शिकायतकर्ताओं को ही झूठा बताया था।
अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को दिए ज्ञापन में कहा गया कि उक्त समितियों के विरुद्घ शिकायत करने वाले न तो समितियों के सदस्य हैं और न ही बुनकरी का कार्य करते हैं।
उनका यह भी कहना था कि वैसे भी उक्त समितियों की उच्चस्तरीय जांच मुख्यमंत्री के निर्देश पर हथकरघा कमिश्नर और निबंधक आईएएस एल वेंकटेश्वर लू कर चुके हैं। जांच में समितियां बेदाग पाई गई हैं।
इसकी सूचना विभाग से प्राप्त की जा सकती हैं। ज्ञापन देने वालों वालों में मोहम्मद कैस, मुनीसा बेगम, नाजिश, मोहम्मद गुलजार, नसरुद्दीन, अनीस, शाबिया, नगीना, रशीदा बेगम आदि शामिल रहे।