इटावा। ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत सदस्य के चुनाव परिणाम आने के बाद अब नवनिर्वाचित प्रधानों को शपथ ग्रहण कराने की तैयारी करने में प्रशासन जुट गया है। इसके बाद ग्राम प्रधानों की पहली बैठक के साथ ही ग्राम समितियों का गठन किया जाएगा।
इसकी रूपरेखा भी तैयार कर ली गई है जिसके बाद गठित होने वाली ग्राम पंचायतों को संचालित करने के लिए प्रधानों के खातों में धनराशि आवंटित कर दी जाएगी और नए प्रधान अपनी अपनी ग्राम पंचायतों में विकास कार्य शुरू कर देंगे।
ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत सदस्य बनने का प्रमाणपत्र हाथ में आने के बाद नवनिर्वाचित प्रधान और सदस्य अब गांव के विकास कार्य शुरू करने के लिए आतुर हैं।
यहीं नहीं गांव की जनता भी गांव की नई सरकार से कई उम्मीदें लगाए बैठी है और चाहती है कि जल्द से जल्द उनके प्रधान जी को विकास की गंगा बहाने के लिए सभी अधिकार प्राप्त हों। प्रशासन भी यह कार्य पूरा करने की तैयारी में है। इसके लिए कार्यक्रम की तिथि भी घोषित कर दी है। नव निर्वाचित ग्राम प्रधानों को 20 दिसंबर को शपथ ग्रहण कराई जाएगी। इसके ठीक पांच दिन बाद ग्राम पंचायत की पहली बैठक होगी।
प्रधानों को ब्लाक स्तर पर शपथ दिलानें की तैयारी की गई है जिसमें जिलाधिकारी के द्वारा नामित तहसीलदार, नायब तहसीलदार,एडीओ आदि अधिकारी ब्लाक के नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों को शपथ दिलाएंगे। इसके बाद 26 दिसंबर को सभी ग्राम पंचायतों में पहली बैठक गांव के ग्राम पंचायत भवनों में होगी। इस बैठक में ग्राम समितियों का गठन किया जाएगा जिसके बाद सदस्यों को अलग-अलग समितियों की जिम्मेदारी सौंप दी जाएगी।
प्रशासनिक समिति का प्रधान होता है अध्यक्ष
इटावा। ग्राम पंचायत की कुल छह समितियों में से कुछ समितियां ऐसी होती हैं जिनका अध्यक्ष स्वयं ग्राम प्रधान होता है। इसके साथ ही अन्य का अध्यक्ष प्रधान व सदस्यों के द्वारा प्रस्तावित सदस्य को बनाया जाता है। छह समितियों में से प्रशासनिक समिति व नियोजन एवं विकास समिति का अध्यक्ष ग्राम प्रधान चुना जाता है इसके अलावा चार अन्य समितियों का अध्यक्ष ग्राम पंचायत सदस्यों में से कोई एक होता है।
सभी ग्राम प्रधानों के खुलेंगे नए संयुक्त खाते
इटावा। जिले की सभी 471 ग्राम प्रधानों के ग्राम सचिव के साथ संयुक्त खाते खोले जाएंगे। यही वह खाता होता है जिसमें गांव के विकास के लिए प्रधान निधि स्थानांतरित की जाती है। इसी धन से गांव का विकास होता है।
गठित न होने वाली पंचायतों में होगा उप चुनाव
इटावा। ग्राम पंचायत चुनाव में जनपद की बहुत सी ग्राम पंचायतें ऐसी भी शेष रह गई हैं जहां पर ग्राम पंचायत सदस्य पद के लिए उम्मीदवार ही मैदान में नहीं थे। ऐसे में इन ग्राम पंचायत समितियों का गठन संभव नहीं। नियमानुसार ग्राम प्रधान चुनने के बाद भी ऐसी ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित प्रधान के हाथ में गांव के विकास के अधिकार नहीं होंगे और जब तक ग्राम पंचायत समितियों का गठन नहीं होता तब तक एडीओ पंचायत के पास ग्राम प्रधान का चार्ज रहेगा। इन सभी ग्राम पंचायतों में उपचुनाव कराकर सदस्यों को चुना जाएगा और इसके बाद समितियों का गठन कर ग्राम प्रधान को सभी जिम्मेदारी सौंपी जाएंगी।