महेवा क्षेत्र में खेतों में पड़ा गेहूं ।
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इटावा। खेतों में अभी करीब 25 फीसदी गेहूं की पकी हुई फसल खड़ी है और मौसम के मिजाज में बदलाव होने लगा। समुद्री तूफान ‘फैनी’ ने किसानों की बेचैनी और बढ़ा रखी है। गरीब किसान कुदरत के कहर से अपनी मेहनत बचाने में जुटा हुआ है। ज्यादातर उन किसानों की फसल खेतों में खड़ी है, जिनके पास एक-दो बीघा खेती है। जो अब तक परिवार के भरण पोषण के चलते दूसरों की फसल काटने में जुटे हुए थे। ताकि मजदूरी से मिले रुपयों से गुजारा हो सके। अब उन्हें खुद की फसल को लेकर चिंता सता रही है। हालांकि मौसम के बदले मिजाज के चलते कई जगहों पर किसानों ने फिलहाल गेहूं की कटाई रोक रखी है। हालांकि तमाम किसान हार्वेस्टर से फसल कटाई करा रहे हैं। ताकि जल्दी फसल कटकर सुरक्षित हो सके।
महेवा एवं आसपास के ग्रामों में वैसे तो अधिकांश गेहूं की फसल की कटाई हो चुकी है। इसके बाबजूद भी अभी करीब 20 प्रतिशत फसल की कटाई बाकी है। गेहूं की कटाई में इस बार अच्छी बात यह देखने को मिली की किसानों ने भूसे की महँगाई को देखते हुए जमीन से पहले तो फसल कटवाई और फिर थ्रेसिंग करवा हैं। इसी बजह कटाई मड़ाई में देरी हो रही है। जबकि पूर्व में गत वर्ष किसानों ने हार्वेष्टर चलवाए थे ।