इटावा में प्रसपा प्रमुख शिवपाल सिंह यादव ने किसान आंदोलन के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों की भूमिका को लेकर सवाल उठाये। कहा कि किसान आंदोलन के मामले में सरकार विपक्षी दलों जो आरोप लगा रही है वे बेबुनियाद हैं। यह आंदोलन सिर्फ किसानों का है। किसानों के मंच पर अभी तक कोई राजनीतिक दल नहीं पहुंचा है। उन्होंने प्रमुख विपक्षी दलों पर किसानों के मुद्दे को बेहतर ढंग से न उठाने को लेकर भी सवाल खड़े किए। कहा कि सत्ता पक्ष के गलत फैसलों का विरोध करना ही विपक्ष की जिम्मेदारी है।
यदि कोई गलत कानून बनता है तो उसका भरपूर विरोध होना चाहिए। समाजवादी पार्टी में माफिया डॉन मुख्तार के भाई को शामिल करने को लेकर कहा यह कोई नई बात नहीं है। मैंने तो पहले ही कई लोगों को जोड़ने की कोशिश की थी। इसमें कोई बुराई नहीं है। हम तो चाहते हैं इनका बड़ा संगठन बने। इटावा जिला कोऑपरेटिव बैंक की मीटिंग में पहुंचे शिवपाल सिंह ने मीडिया के सामने कई मुद्दों पर अपनी बात रखी। उन्होंने कल मुजफ्फरनगर में हुए हैं किसान महापंचायत को लेकर कहा कि किसान यूनियन ने अभी तक किसी राजनीतिक दल को आंदोलन में नही बुलाया है।
ऐसे में भाजपा सरकार को विपक्ष पर साजिश का आरोप नही लगाना चाहिए। कहा कि जितनी दमदारी से विपक्ष को इस मुद्दे को उठाना चाहिए था उतनी दमदारी से विपक्ष ने मुद्दा उठाया नही। कल आगरा ज़िला जेल में बंद विजय मिश्रा और कमलेश पाठक से मुलाकात पर उन्होंने कहा कि सरकार ने बदले की भावना से इन सब पर कार्यवाही की है। सैफ़ई में खड़े सामाजिक परिवर्तन रैली के शुभारंभ अभी उन्होंने अपने पत्ते नहीं खोले। कहा जब पंडित जी शुभ मुहूर्त निकाल देगे तब से निकल पड़ेगा रथ। सपा के साथ गठबंधन पर कहा कि अभी चुनाव में समय है। जब समय नज़दीक आएगा तब पता चल जाएगा अभी इंतज़ार करिए।