निबाड़ीकला। सात साल से अधूरा पड़ा निबाड़ीकला के बिजली घर के दिन अब बहुरते दिख रहे हैं। बिजली घर में दोबारा से काम शुरू हो गया है। इस मुद्दे को अमर उजाला में प्रमुखता से उठाया था। बिजली घर चालू होने से निबाड़ीकला सहित दर्जनों गांवों को बिजली किल्लत से निजात मिल सकेगी।
बसपा शासन काल में तत्कालीन ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय ने निबाड़ीकला और ढकाताल में बिजलीघर के निर्माण की नींव रखी थी। वर्षों पहले ढकाताल का बिजली घर तो शुरू हो गया था। लेकिन करीब सात साल तक सरकारी उपेक्षाओं के चलते निबाड़ीकला का बिजली घर का कार्य शुरू नहीं हो सका था। इस वर्ष के शुरुआत में जब भाजपा सरकार बनी तो ग्रामीणों को उम्मीद जागी कि शायद अब इस बिजली घर का निर्माण हो सकेगा।
अमर उजाला ने गत 18 अप्रैल को ‘दो बार सत्ता बदली, नहीं मिली बिजली’ शीर्षक से इस समस्या को विस्तार से प्रकाशित कर भरथना विधायक सावित्री कठेरिया से बात की थी। जिस पर विधायक ने आश्वासन दिया था कि जल्द से जल्द अधूरे पड़े बिजलीघर का कार्य चालू करा दिया जाएगा, जो अब चालू होता दिखाई दे रहा है। टूटी हुई दीवारों की मरम्मत हो गई है।
दरवाजे भी सही हो गए हैं, कई मशीनें भी आ गई हैं। बिजलीघर में मौजूद कर्मचारी राकेश की मानें तो अगले दो या तीन महीनों में बिजली घर से गांवों में सप्लाई शुरू हो जाएगी। धान की फसल कटते ही लाइनों का खिंचना शुरू हो जाएगा। जिससे निबाड़ीकला, निबाड़ीखुर्द, इंद्रावखी, नगला भदौरिया, इंद्रापुर, टड़वा, नगला तुला, पहाड़पुर, दांदरपुर, नौगवां, पेवली सहित दर्जनों गांवों को बिजली कटौती की समस्या से राहत मिलेगी।
एक महीने में शुरू होगा
एसडीओ भूप सिंह ने बताया कि भरथना से निबाड़ीकला तक हाईटेंशन लाइन खींचने का काम चल रहा है। निबाड़ी से पहले तीन किलोमीटर खेतों में पानी भरा होने से लाइन खींचने का काम नहीं हो पा रहा है। जैसे ही पानी सूख जाएगा लाइन पूरी करते हुए उपकेंद्र को चालू कर दिया जाएगा।