सीबीएसई स्कूलों की तर्ज पर प्रदेश सरकार ने नया शैक्षणिक सत्र एक अप्रैल से शुरू कराया है। नया सत्र शुरू हुए 15 दिन हो चुके हैं लेकिन अभी तक न तो एक भी दिन कक्षाएं लगी हैं और न ही प्रवेश प्रक्रि या प्रारंभ हो पाई है।
जूूनियर हाईस्कूल की कक्षाओं के लिए तो अभी तक सरकार ने किताबें तक नहीं दी हैं। स्कूल खुलने के कारण कुछ बच्चे आ तो रहे हैं लेकिन कक्षाएं न लगने से वापस लौट जाते हैं। अभी तक तो शिक्षक, मूल्यांकन में व्यस्तता का बहाना बनाते रहे हैं मगर अब जब मूल्यांकन खत्म हो चुका है, इसके बाद भी सरकारी स्कूलों तक में सन्नाटा पसरा हुआ है।
नए सत्र को लागू करने में शिक्षकों के रुचि न लेेने से सरकार की मंशा पर पहले साल ही पानी फि र गया है। सरकारी तथा अनुदान प्राप्त स्कूलों में शिक्षक ों की लापरवाही से प्रवेश प्रक्रिया शुरू न होने क ा फायदा प्राइवेट स्कूलों को मिल रहा है।
प्राइवेट स्कूलों में कक्षाएं भी लग रही हैं और प्रवेश प्रक्रिया भी प्रारंभ हो चुकी है। 50 फीसदी से अधिक प्रवेश तो हो भी चुके हैं। जिन सीबीएसई स्कूलों को मात देने के लिए नया शैक्षणिक कैलेंडर लाया गया था वहां तो विधिवत पठन-पाठन भी शुरू हो गया है। प्रवेश तो मार्च में ही लगभग पूरे कर लिए गए थे।
जीआईसी में बुधवार क ो अपरान्ह 11.15 मिनट पर सन्नाटा पसरा हुआ था। विद्यालय की सभी कक्षाएं खाली पड़ी थीं। इक्का-दुक्का छात्र इधर-उधर खड़े आपस में बतिया रहे थे। कुछेक शिक्षक बाहर मैदान में कागजी कामकाज निपटा रहे थे।
मूल्यांकन के कारण कक्षाएं 8 अप्रैल से लगनी थीं लेकिन एक सप्ताह गुजर जाने के बाद भी सन्नाटा पसरा हुआ है। विद्यालय की छात्र संख्या 1379 बताई गई है। कक्षाएं लगने का समय 7.30 से 12.40 बजे तक है। शिक्षकों ने बताया कि प्रवेश के लिए परीक्षा 24 अप्रैल को कराई जाएगी।
जीजीआईसी में बुधवार को अपरान्ह 11.35 बजे सौ की संख्या में छात्राएं विद्यालय में मौजूद थीं जबकि विद्यायल में छात्राओं की संख्या 2500 से भी ऊपर है। विद्यालय में कुल 34 टीचर हैं। इनमें से मात्र पांच मौजूद थे। कुछ शिक्षिकाएं तो कक्षा में बैठी थीं और कुछ आफिस में बैठकर काम निपटा रही थीं।
शेष के बारे में बताया गया कि मूल्यांकन में व्यस्तता के कारण नहीं आ पा रही हैं। प्रवेश के लिए छात्राएं आ तो रही हैं लेकिन प्रवेश बहुत ही कम संख्या में हुए है। 9वीं में प्रवेश टेस्ट के आधार पर दिया जाएगा। विद्यालय में एक से 12 तक की कक्षाएं लगती हैं। समय 7.30 से 12.40 बजे तक है।